बिहार में ग्रुप डी के 186 पदों के लिए 5 लाख आवेदन को लेकर सियासी घमासान मचा हुआ है। अब सियासी दलों की ओर से इसपर बयानबाजी हो रही है। कांग्रेस नेता प्रेमचंद मिश्रा ने बेरोजगारी के लिए सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि यह बेहद चिंताजनक है कि 186 ग्रुप-डी पदों के लिए 5 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं। सितंबर से इंटरव्यू चल रहे हैं। लगभग 4,32000 साक्षात्कार पहले ही लिए जा चुके हैं। कहा जा रहा है कि एक दिन में 1500-1600 इंटरव्यू लिए जा रहे हैं।
एक इंटरव्यू 10 सेकंड तक भी नहीं चलता है जिससे साफ दिख रहा है कि इस प्रकिया में भ्रष्टाचार हो रहा है। एमबीए, एमसीए, स्नातक भी चपरासी, माली, गेटकीपर आदि नौकरियों के लिए आवेदन कर रहे हैं। बेरोजगारी हमारे देश के लिए सबसे बड़ी समस्या है।
वहीं सत्तारुढ़ जनता दल यू के नेता राजीव रंजन ने कहा कि आजकल गैर पारंपरिक क्षैेत्रों में नौकरी के ज्यादा मौके हैं लेकिन सरकारी नौकरी के लिए आकर्षण अब भी सबसे ज्यादा है। इसलिए हमें ग्रुप डी के लिए भी बड़ी संख्या में आवेदन मिले हैं। युवाओं को गैर पारंपरिक नौकरी की तरफ भी ध्यान देना चाहिए।