पटना टेरर मॉड्यूल से जुड़े मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने आज बिहार में 32 जगहों पर छापेमारी की है। सुबह-सुबह NIA की टीम सबसे पहले अररिया के जोकीहाट पहुंची जहां एहसान परवेज के घर पर धावा बोला और तलाशी ली। वहीं इसके बाद टीम दरभंगा पहुंची जहां नुरुद्दीन जंगी के घर के पास छापेमारी की। इसके अलावा राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में पीएफआई की संलिप्तता से संबंधित मामले में तमिलनाडु के शिवगंगा जिले और कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़ जिले में भी छापेमारी की गई।
पटना टेरर मॉड्यूल मामले में अब तक पांच लोग गिरफ्तार
पटना टेरर मॉड्यूल मामले में अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पटना पुलिस ने फुलवाशरीफ से अतहर परवेज और मोहम्मद जलालुद्दीन को गिरफ्तार किया था। इसके बाद मरगूब दानिश, अरमान मलिक और शब्बीर आलम को अरेस्ट किया गया। गिरफ्तार किए गए लोगों में झारखंड के एक सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी मोहम्मद जल्लाउद्दीन और स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) के एक पूर्व सदस्य अतहर परवेज शामिल हैं। एएसपी फुलवारीशरीफ मनीष कुमार ने इसकी जानकारी दी थी कि कुल 26 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
मार्शल आर्ट की आड़ में आतंक की ट्रेनिंग दे रहे थे गिरफ्तार किए गए आतंकी
पटना पुलिस के मुताबिक, 14 जुलाई को गिरफ्तार संदिग्ध आतंकियों ने पटना के फुलवारी शरीफ के अहमद पैलेस की दूसरी मंजिल को ट्रेनिंग सेंटर बनाया था। ये पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया से भी जुड़े थे, जो बिहार में कई जगहों में फैले हुए हैं। पकड़े गए दोनों आतंकी मार्शल आर्ट की आड़ में आतंक की ट्रेनिंग दे रहे थे। इनके पास से PFI-SDPI का गुप्त दस्तावेज ‘मिशन 2047’ मिला है जिसमें 2047 तक भारत को इस्लामिक राष्ट्र बनाने की बात कही गई है।