राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-139 (NH-139) को फोर लेन बनाने की मांग को लेकर सड़क दुर्घटना रोकथाम फाउंडेशन चैरिटेबल ट्रस्ट के आह्वान पर रविवार को औरंगाबाद जिले में हजारों लोग सड़कों पर उतर आए। अम्बा से लेकर पटना के नौबतपुर तक जनसंपर्क के जरिए लोगों से स्वतःस्फूर्त सड़क जाम की अपील की गई थी। अपील का असर भी दिखा — औरंगाबाद जिले में कई जगहों पर NH-139 को पूरी तरह जाम कर दिया गया।
हालांकि अरवल और पटना जिलों में अपेक्षित सहयोग नहीं मिल सका, लेकिन औरंगाबाद जिले में चार घंटे तक चले जाम का असर महाबलिपुर तक देखा गया। महाजाम की स्थिति में हजारों छोटे-बड़े वाहन फंसे रहे और NH-139 की यातायात व्यवस्था पूरी तरह ठप रही। बाद में प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों से मांग पत्र लेकर संबंधित विभाग तक भेजने का आश्वासन दिया, तब जाकर जाम समाप्त हुआ।
आंदोलन दे गया बड़े संकेत
इस आंदोलन ने साफ संकेत दे दिया है कि औरंगाबाद के कुटुंबा, औरंगाबाद, ओबरा विधानसभा क्षेत्रों के अलावा अरवल जिले के अरवल तथा पटना जिले के पाली और नौबतपुर विस क्षेत्रों में NH-139 की फोर लेनिंग बड़ा चुनावी मुद्दा बन सकता है। आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में चुनाव बहिष्कार तक किया जाएगा। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे ट्रस्ट के नेता पुष्कर अग्रवाल ने ओबरा में कहा कि NH-139 अब ‘कालनेभि’ बन चुकी है।
पढ़ें: कांग्रेस का कार्यकर्ता प्रशिक्षण शिविर संपन्न, संगठन को मजबूत बनाने पर जोर
उन्होंने कहा कि जिस तरह राक्षस कालनेभि रोज एक इंसान को निगलता था, उसी तरह फोर लेनिंग नहीं होने के कारण यह सड़क रोज किसी न किसी की जान ले रही है। औरंगाबाद से पटना तक प्रतिदिन दुर्घटनाएं हो रही हैं और लोग असमय मौत के शिकार हो रहे हैं। इसी के खिलाफ यह लड़ाई है। उन्होंने कहा कि अम्बा, भरथौली, शंकरपुर, महथु, देवकली, ओबरा, कारा मोड़, अरंडा, जिनोरिया, दाउदनगर, शमशेरनगर समेत कई जगहों के लोगों ने इस आंदोलन में भाग लिया। आंदोलन को आगे और तेज करने की चेतावनी भी दी गई है।
केंद्र पर वादाखिलाफी का आरोप
संगठन के एक अन्य नेता रंधीर कुमार ने कहा कि केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने गया में आयोजित सभा में NH-139 को 5,500 करोड़ की लागत से फोर लेन बनाने की घोषणा की थी। लेकिन बाद में इस योजना को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया और सासाराम से पटना सड़क को फोर लेन बनाने की स्वीकृति मिल गई। उन्होंने कहा कि यदि वादा पूरा नहीं हुआ तो आगे अनिश्चितकालीन धरना और व्यापक आंदोलन होगा।
‘अब वादाखिलाफी नहीं चलेगी’
संगठन से जुड़े नवलेश मिश्रा ने नेताओं से अपील की कि वे जनभावनाओं का सम्मान करें। उन्होंने कहा, “एक आवाज पर अम्बा से अरवल तक जाति और पार्टी की सीमाएं तोड़कर लोग सड़कों पर उतरे हैं। अब जनभावनाओं की अनदेखी नहीं चलेगी, वादा हर हाल में निभाना होगा नहीं तो संघर्ष और तेज होगा।”