Bihar : चार भाइयों में तीसरे नंबर पर थे मनीष। दो अन्य भाई भी सेना में तैनात हैं। इसी साल 6 मार्च को बहुत ही धूम-धाम से उनकी शादी हुई थी। शादी के 30 दिन के बाद वह कारगिल चले गये, अब शहीद होकर वापस लौट रहे हैं।
नवादा के कौआकोल प्रखंड के रूपौ थाना क्षेत्र के पाण्डेयगंगौट गांव निवासी सेना के जवान मनीष कुमार (26) ड्यूटी के दौरान शहीद हो गए। वह जम्मू-कश्मीर के कारगिल में आर्मी नर्सिंग असिस्टेंट के पद पर तैनात थे। बुधवार सुबह ड्यूटी के दौरान उनकी मौत हो गई। मौत के कारणों की पुष्टि नहीं हो सकी है। सुबह 9 बजे परिजनों को फोन पर सूचना मिली। खबर मिलते ही गांव और प्रखंड में शोक की लहर दौड़ गई।
मनीष का चयन वर्ष 2018 में हुआ था। वह चार भाइयों में तीसरे नंबर पर थे। दो अन्य भाई भी सेना में तैनात हैं। मनीष की शादी इसी साल 6 मार्च को नवादा जिले के धुरिहार गांव में हुई थी। शादी के तीस दिन बाद वह ड्यूटी पर लौट गए थे। शहीद मनीष के पिता अशोक राम, मां शुशीला देवी और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में दिनभर लोगों की भीड़ लगी रही। हर कोई मौत के कारणों को लेकर असमंजस में रहा। मुखिया दीपक कुमार ने बताया कि मनीष मिलनसार और हंसमुख स्वभाव के थे। उनकी शहादत पर पूरे गांव को गर्व है। सरपंच अराफात आलम ने भी गहरा शोक जताया।
शहीद के बड़े भाई हवलदार पिंटू कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। गुरुवार को शव गांव लाया जाएगा। मौके पर सदर एसडीएम अखलेश कुमार और पकरीबरावां एसडीपीओ महेश चौधरी ने परिजनों से मिलकर जानकारी ली और सांत्वना दी। एसडीएम ने बताया कि तैनाती स्थल से कोई आधिकारिक सूचना नहीं मिली है। जानकारी मीडिया से मिली है।