फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

 नीतीश ने मेरे पिता के साथ किया अहंकारपूर्ण बर्ताव : चिराग पासवान

Fri, 16 Oct 2020 01:49 AM IST
Kuldeep Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पटना
विज्ञापन
नीतीश कुमार और चिराग पासवान - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

लोजपा अध्यक्ष चिराग पासवान ने बिहार विधानसभा चुनाव में सीट बंटवारे पर मतभेद के कारण नीतीश कुमार के जदयू से अलग होने की बात को खारिज किया है। उन्होंने मुख्यमंत्री पर महादलितों के उप वर्ग बना कर दलित समुदाय को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया। चिराग ने कहा कि नीतीश ने मेरे पिता रामविलास पासवान के साथ अहंकारपूर्ण व्यवहार किया और पिछले लोकसभा चुनाव में लोजपा के प्रत्याशियों को हराने के लिए काम किया।

विज्ञापन


उन्होंने कहा कि लोकसभा के चुनाव में राजग को सत्ता में वापस लाने के कारण उनकी पार्टी जदयू के साथ मिलकर लड़ी, लेकिन उन्होंने हमारे प्रत्याशियों के खिलाफ काम करके गठबंधन धर्म का उल्लंघन किया था। हाल ही में अपने पिता और लोजपा के संस्थापक रामविलास पासवान को खोने वाले चिराग ने कहा कि पिछले साल जब राज्यसभा चुनाव के नामांकन के लिए रामविलास ने नीतीश कुमार को साथ आने का आग्रह किया तो उन्होंने घमंड दिखाया। चिराग ने कहा कि हाल में उन्होंने भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और गृहमंत्री अमित शाह से कई बार बात की, लेकिन एक भी बार सीट बंटवारे पर कोई बात नहीं की। उन्होंने कहा कि यह बात हमेशा ध्यान रखना चाहिए कि लोजपा कभी भी नीतीश कुमार स्टाइल की राजनीति का समर्थक नहीं रही।
 
चिराग ने कहा, 'यह ध्यान में रखा जाना चाहिए कि लोजपा कभी भी नीतीश की राजनीति की प्रशंसक नहीं रही है। मेरी राजनीतिक शुरूआत देखिए... पिता जी का लंबा राजनीतिक करियर रहा है। 2005 से ही हम लोग नीतीश जी के विरोध में रहे हैं। 2005, 2010 और 2015 के बिहार विधानसभा चुनाव को ले लें तो हर चुनाव हम लोगों ने उनके खिलाफ ही लड़ा था '।
विज्ञापन


लोजपा प्रमुख ने कहा कि लोजपा ने पिछला लोकसभा चुनाव नीतीश द्वारा रातोंरात महागठबंधन से नाता तोडकर की गई राजग में वापसी के कारण मजबूरीवश जदयू के साथ लड़ा था।' उन्होंने दावा किया कि जदयू के नेताओं ने पिछले लोकसभा चुनाव में गठबंधन धर्म का पालन न कर लोजपा के खिलाफ काम किया था।

हाल में ही रामविलास पासवान का निधन हुआ। उन्हें याद करते हुए 37 वर्षीय चिराग ने कहा, मुझे सबसे अधिक दुख राज्यसभा चुनाव के समय मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जी के मेरे पिता जी के साथ किए गए व्यवहार को लेकर हुआ था। लोजपा प्रमुख ने दावा किया कि उस समय रामविलास पासवान को राज्यसभा के लिए नामांकन के वास्ते नीतीश को अपने साथ बिहार विधानसभा ले जाने के लिए मुख्यमंत्री आवास तक जाना पड़ा था। उन्होंने कहा कि उनके पिता ने काफी अनुरोध किया।

चिराग ने कहा कि इस सब के बावजूद नामांकन के लिए शुभ मुहूर्त का समय निकल जाने के बाद नीतीश आखिरी पांच मिनट में वहां (नामांकन स्थल) पहुंचे। उन्होंने कहा कि उस दिन से मुझे इस बात का दुख था कि आज आपके (नीतीश के) पास वर्चस्व और ताकत है तो आपने उसका पूरा इस्तेमाल किया।’’ चिराग ने यह भी कहा, ‘‘एक पुत्र के नाते पिता तथा देश के इतने बडे़ कद्दावर नेता का किसी के समाने से इस तरह झुकते हुए देखना मुझे बहुत बुरा लगा। 

चिराग ने नीतीश के उस बयान का भी जिक्र किया जिसमें उन्होने कहा था कि रामविलास पासवान क्या जदयू के समर्थन के बिना राज्यसभा के लिए निर्वाचित हो सकते थे? उन्होंने कहा कि उन्हें (नीतीश को) याद रखना चाहिए मेरे पिता को भाजपा के तत्कालीन राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह द्वारा एक राज्यसभा सीट दिए जाने का वादा किया गया था। 
विज्ञापन


 

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें