राज्य के शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने बताया कि सभी बच्चे सुरक्षित घर पहुंच गए हैं। अब अस्पताल में कोई विद्यार्थी भर्ती नहीं है। हमने घटना की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं।
बिहार दिवस के मौके पर पटना में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बुधवार रात खाना खाने के बाद बीमार हुए सभी 156 बच्चे स्वस्थ हो गए हैं। उन्हें घर भेज दिया गया है। इन सभी का पीएमसीएच व गांधी मैदान में लगाए गए विशेष कैंप में गुरुवार को इलाज किया गया था।
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राज्य के शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी ने शुक्रवार को पटना में बताया कि सभी बच्चे सुरक्षित घर पहुंच गए हैं। अब अस्पताल में कोई विद्यार्थी भर्ती नहीं है। हमने घटना की मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
इन बच्चों की खाना खाने के बाद तबीयत बिगड़ गई थी। उन्हें उल्टी, घबराहट, पेट दर्द की शिकायत हुई थी। इसके बाद पटना की सिविल सर्जन डॉ. विभा सिंह ने बताया कि सभी बच्चों की हालत स्थिर है। पटना मेडिकल कॉलेज (PMCH) व गांधी मैदान में स्वास्थ्य शिविर लगाकर उनका इलाज किया था। बिहार दिवस कार्यक्रम में राज्य के अलग-अलग जिलों से विद्यार्थी पटना आए थे। बुधवार रात के खाने के बाद इन बच्चों की हालत खराब होने लगी। इस पर तुरंत कुछ विद्यार्थियों को पटना मेडिकल कॉलेज भेजा गया। कुछ का इलाज गांधी मैदान में ही चिकित्सा शिविर लगाकर शुरू किया गया।
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चिकित्सकों का कहना है कि यह फूड प्वॉइजनिंग का मामला लगता है। बच्चों के बीमार होते ही शासन प्रशासन में हड़कंप मच गया था। स्वास्थ्य विभाग व खाद्य सुरक्षा विभाग मामले की जांच में जुट गया है।
खाने में यह दिया गया था
बीमार बच्चों का कहना है कि उन्होंने खाने के स्टॉल पर जो खाना मिला था, सिर्फ वही खाया था। उन्हें चावल, दाल, सब्जी और अचार मिला था। बुधवार सुबह नाश्ते में कचौड़ी दी गई थी।