जीतन राम मांझी
जीतन राम मांझी की सुरक्षा के लिए 39 सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। जिनमें हाउसगार्ड, बॉडीगार्ड, एस्कार्ट, पायलट और बुलेट प्रूफ कार भी सम्मिलित हैं।
आंकड़ों को देखा जाए तो 1571 लोगों की सुरक्षा के लिए केवल एक सिपाही है। वहीं 3600 वीवीआईपी लोगों के लिए 13,000 सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। वहीं पुलिस पब्लिक के अनुपात के मुताबिक 1 लाख लोगों पर 143 पुलिसकर्मी होने चाहिए। लेकिन बिहार में ऐसा बिल्कुल नहीं है। यहां 1 लाख लोगों की सुरक्षा के लिए केवल 70 पुलिसकर्मी ही तैनात हैं।
बता दें बिहार में सीएम और पूर्व सीएम की सुरक्षा की जिम्मेदारी स्पेशल सिक्योरिटी ग्रुप (एसएसजी) के पास है। इसे 2011 में बनाया गया था। अभी हाल ही इसमें 531 नये पदों की घोषणा की गई है। इसके तहत बिहार इंटेलीजेस सिक्योरिटी विंग ने पहले 155 लोगों का चुनाव किया था। लेकिन अब इसमें 531 लोगों की बढ़ोतरी हो गई है। इन कर्मचारियों के बढ़ने से सरकार पर 32.18 करोड़ रुपये का अधिक भार पड़ेगा। वहीं बिहार में सांसद, पार्षद, विधान परिषद, आईएएस और आईपीएस अफसरों की सुरक्षा के लिए भी बॉडीगार्ड तैनात किए गए हैं।
बिहार में 17 लोग ऐसे भी हैं जिन्हें केंद्र सरकार की ओर से एक्स, वाई और जेड श्रेणी की सुरश्रा दी गई है।
जेड प्लस- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार।
जेड श्रेणी- लालू प्रसाद यादव, रामविलास पासवान, राधामोहन सिंह, राजीव प्रताब रुढ़ी, शाहनवाज हुसैन।
वाई प्लस- पप्पू यादव, मंगल पांडेय, चिराग पासवान, सुशील कुमार सिंह, साबिर अली, जनार्दन सिंह सिग्रिवास, जीतेंद्र स्वामी, रविशंकर प्रसाद, रमा देवी।
एक्स श्रेणी- वीणा देवी, उदय सिंह।