देश में लगातार राजमार्गों का निर्माणकार्य चल रहा है, ताकि लोग एक जगह से दूसरी जगह आसानी से और कम समय में पहुंच सके। राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर कार चलाते वक्त गाड़ी को सही लेन में रखना काफी जरूरी है। ऐसा करने से वाहन के साथ-साथ अंदर बैठे लोगों की सेफ्टी भी मजबूत रहेगी। अगर आप कार चलाते वक्त बार-बार लेन बदलते हैं तो इससे हादसा होने की संभावना बढ़ जाती है। यही वजह है कि शुरू से ही कार को सही लेन में रखें।
अगर आप हाइवे या फिर एक्सप्रेसवे पर कार चला रहे हैं तो हमेशा आगे वाले वाहनों से उचित दूरी बनाकर रखें। अगर कार को सही दूरी के साथ चलाएंगे तो अन्य वाहनों के अचानक से रुकने पर आपको किसी तरह का नुकसान नहीं होगा। कई बार आगे चल रहा वाहन किसी आपात स्थिति में एकदम से वाहन रोक देता है। इस स्थिति में अगर आपका वाहन सही दूरी बनाकर चल रहा होगा तो इससे हादसा होने की आशंका कम हो जाएगी।
राजमार्ग और एक्सप्रेसवे पर किसी वाहन को ओवरटेक करने से पहले आगे और पीछे से आ रहे वाहनों को सही दिशा का इंडीकेटर दें। साथ ही अगर कार में ब्लॉइंड मॉनिटरिंग सिस्टम दिया गया है तो उसका इस्तेमाल करें। इस फीचर की मदद से आस-पास से आ रहे वाहनों के बारे में सही जानकारी मिल जाती है। इस वजह से राजमार्ग और एक्सप्रेसवे पर किसी भी वाहन से टकराने की आशंका कम हो जाती है। ओवरटेक करते वक्त सही टाइमिंग का चुनाव करना जरूरी है।
राजमार्गों और एक्सप्रेसवे पर वाहनों की गति की सीमा शहरों में ड्राइविंग के मुकाबले काफी ज्यादा होती है। ऐसे में हमेशा कार की गति को निर्धारित सीमा में रहकर ही चलाएं। अगर वाहन को तय रफ्तार से चलाया जाए तो इससे कार और अंदर बैठे लोग सेफ रहेंगे। साथ ही सड़क पर चल रहे अन्य वाहन भी सुरक्षित ढंग अपना वाहन चला पाएंगे।