सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) ने मार्च 2025 तक राष्ट्रीय राजमार्गों पर 9,000 दुर्घटना-संभावित ब्लैक स्पॉट को ठीक करने का एक चुनौतीपूर्ण लक्ष्य रखा है। मंत्रालय के सचिव अनुराग जैन ने बुधवार को यह जानकारी दी।
अंतर्राष्ट्रीय सड़क महासंघ (इंटरनेशनल रोड फेडरेशन) (आईआरएफ) द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए, जैन ने आगे कहा कि पिछले तीन वर्षों में लगभग 4,000 ब्लैक स्पॉट को ठीक किया गया है।
उन्होंने कहा, "इस समय 9,000 से ज्यादा ब्लैक स्पॉट की पहचान की गई है... मंत्रालय ने देश में सभी ब्लैक स्पॉट को ठीक करने के लिए मार्च 2025 का एक चुनौतीपूर्ण लक्ष्य निर्धारित किया है।"
राष्ट्रीय राजमार्गों पर लगभग 500 मीटर के स्ट्रेच जहां तीन साल के दौरान कम से कम पांच दुर्घटनाएं हुई हैं, जिससे 10 लोगों की मौत हुई है, उन्हें दुर्घटना ब्लैक स्पॉट के रूप में नामित किया गया है।