अक्सर लोगों को ट्रैफिक में कार चलाने में दिक्कत आती है। बेस मॉडल या फिर एंट्री लेवल कार मॉडलों में रिवर्स कैमरा और पार्किंग सेंसर जैसे फीचर नहीं मिलते हैं। अगर आप अपनी कार को टॉप मॉडल जैसी बनाना चाहते हैं तो रिवर्स कैमरा और पार्किंग कैमरा सेंसर को कार में इंस्टाल करवा सकते हैं। इन्हें लगवाने से कार की सेफ्टी भी बढ़ जाती है।
बेस मॉडल कार में अक्सर इंफोटेनमेंट सिस्टम नहीं दिया गया होता है। अगर किसी बेस मॉडल कार में मिलता भी है तो काफी साधारण या फिर छोटा होता है। कारों में एडवांस फीचर के लिए टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम काफी जरूरी होता है। इस फीचर के जरिए कार में कई सारे काम हो जाते हैं।
एंट्री लेवल मॉडल कार में साधारण सीट कवर की जगह पर लेदर कवर्स का इस्तेमाल कर सकते हैं। हालांकि, लेदर सीट कवर्स की कीमत थोड़ी ज्यादा हो सकती है, मगर इन्हें लगाने से कार का अंदरुनी लुक काफी बदल जाता है। लेदर सीट कवर्स काफी आकर्षक होते हैं, यही वजह है कि इन्हें लगाने से कार टॉप मॉडल जैसी लगती है। दरअसल, इन्हें लगवाने से यात्रियों को अधिक आराम मिलता है।
बेस मॉडल कार को टॉप मॉडल कार बनाना चाहते हैं तो गाड़ी के अंदर एबियंट लाइटिंग का इस्तेमाल कर सकते हैं। आपको बता दें कि एबियंट लाइटिंग लगाने से कार के अंदर एक हल्की रोशनी मिल जाती है और कार थोड़ी आकर्षक लगने लगती है।
अगर आपके पास एंट्री लेवल मॉडल वाली कार है और कार में स्टील व्हील दिए गए हैं तो इसके स्थान पर अलॉय व्हील लगवा सकते हैं। अलॉय व्हील कार में लगवाने से कार का लुक बेहतर हो जाता है। साथ ही इन्हें लगवाने से गाड़ी में हैंडलिंग आसान हो जाती है।