मुंबई की सरकारी सीएनजी डिस्ट्रीब्यूटर महानगर गैस लिमिटेड (एमजीएल) ने शहर में कमर्शियल व्हीकल्स (वाणिज्यिक वाहनों) के लिए सीएनजी सर्विस को ज्यादा सुविधाजनक, सुलभ और कुशल बनाने के लिए ईंधन एग्रीगेटर स्टार्टअप नवगति के साथ एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। सहयोग के एक हिस्से के रूप में, एमजीएल तेज एप के जरिए प्रदान की जाने वाली सेवाओं को अब नवगति के फ्यूल डिस्कवरी एप के साथ इंटीग्रेट किया गया है।
इस सहयोग से वाणिज्यिक सीएनजी वाहन मालिकों को लंबी कतारों से बचने, बेस्ट डिपो में अपने स्लॉट पहले से चुनने और डिजिटल भुगतान करने में मदद मिलेगी। यहां यह ध्यान दिया जाना चाहिए कि यह सर्विस इस समय गोरेगांव-ओशिवारा और घाटकोपर बेस्ट डिपो पर उपलब्ध है। जबकि जल्द ही पूरे मुंबई में 13 और डिपो जोड़ने की योजना है।
सहयोग पर टिप्पणी करते हुए, नवगति के सीईओ और सह-संस्थापक, वैभव कौशिक ने कहा, "एमजीएल के साथ सहयोग इनोवेशन और ग्राहक संतुष्टि के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का एक सबूत है। एमजीएल की सीएनजी सर्विस को अपने एप के साथ इंटीग्रेट करके, हमारा लक्ष्य मुंबई में वाणिज्यिक सीएनजी वाहन मालिकों के लिए एक सहज और सुविधाजनक समाधान पेश करना है।" हमारा मानना है कि यह सहयोग भारत में सीएनजी भरने की सेवाओं को देखने के लोगों के नजरिए को बदल देगा।"
सीएनजी न सिर्फ पेट्रोल और डीजल जैसे पारंपरिक ईंधन का ज्यादा किफायती विकल्प है। बल्कि इन दोनों के मुकाबले ज्यादा स्वच्छ, पर्यावरण-अनुकूल विकल्प भी है। पेट्रोल कार को चलाने की लागत और ईंधन दक्षता की तुलना सीएनजी कार से करने पर, यह पाया गया है कि सीएनजी कार ज्यादा किफायती होती है।
लेकिन पेट्रोल/डीजल वाहन की तुलना में सीएनजी वाहन की दो बड़ी कमियां हैं, जिसमें ईंधन भरने का ज्यादा समय लगता है। साथ ही, निजी कारों के मामले में, सीएनजी सिलेंडर वाहन के बूट स्पेस में बहुत ज्यादा जगह लेता है। जबकि एमजीएल और नवगति के सहयोग से ईंधन भरने के समय के मामले में थोड़ा सुधार होता दिख रहा है।