दुनियाभर में जलवायु परिवर्तन के मुद्दे पर कई प्रयास किए जा रहे हैं। इसके साथ ही वायु प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए विश्व के बड़े देशों ने अपने कार्बन उत्सर्जन को कम करने की दिशा में भी लक्ष्य तय किए हैं। इस मकसद को हासिल के लिए बैटरी से चलने वाले इलेक्ट्रिक व्हीक्लस को बढ़ावा दिया जा रहा है। अब इसी कड़ी में हाइड्रोजन से चलने वाले वाहनों को भी बढ़ावा दिया जाएगा। इसके लिए कम से कम कीमत पर हाइड्रोजन गैस तैयार करने और कम गैस पर ज्यादा से ज्यादा माइलेज देनेवाली टेक्नोलॉजी को भी विकसित किया जा रहा है।
बता दें कि देश की राजधानी दिल्ली और कई शहरों में वाहनों से होने वाला प्रदूषण एक बड़ी समस्या बना हुआ है। इससे हवा की क्वालिटी पर बहुत बुरा असर पड़ा है। प्रदूषित हवा की वजह से सांस लेने संबंधी बीमारियों के मरीजों की संख्या में भी लगातार इजाफा हुआ है। इस समस्या से निपटने के लिए साइंस एंड टेक्नोलॉजी विभाग लगातार काम कर रहा है।