कहते हैं इस दुनियां में हर छोटी से छोटी चीज का अपना एक अलग महत्व होता है। ऐसे ही कार में बैटरी का भी सबसे अहम् रोल होता है, अगर बैटरी न हो तो आपकी लाखों की कार बेकार है। हमने अक्सर देखा है कि लोग अपनी कार की सफाई पर तो पूरा ध्यान देते हैं। सर्विस भी कराते हैं लेकीन कार में लगी बैटरी पर जल्दी से ध्यान नहीं देते। हांलाकि आजकल तो मैनेटेंस फ्री बैटरी आ गई हैं लेकिन केयर फिर भी बेहद जरूरी है। अक्सर कार की बैटरी में डिस्चार्ज प्रॉब्लम देखने को मिलती है। कई बार काफी समय से गाड़ी का खड़े रहना भी इसकी एक वजह हो सकती है या फिर अनजाने में गाड़ी की हेडलाइट ऑन करके छोड़ देने से भी इस तरह की समस्या पैदा हो जाती है इतना ही नहीं जो लोग ज्यादा हॉर्न बजाते हैं उनकी कार की बैटरी में भी प्रॉब्लम ज्यादा आती है। ऐसे में हम आपको यहां कुछ ऐसे जरूरी टिप्स बता रहे हैं जिनको फॉलो करके आपकी कार की बैटरी कभी आपको तंग नहीं करेगी।
बैटरी के टर्मिनल का ध्यान
हमने यह कई बार देखा है कि जब आप किसी लोकल जगह से गाड़ी की सर्विस कराते हैं तो मैकेनिक हमेश बैटरी के टर्मिनल पर ग्रीस का प्रयोग करते हैं। लेकिन याद रहे टर्मिनल पर ग्रीस लगाने से बैटरी खराब हो सकती है।
इसलिए ग्रीस की जगह पैट्रोलियम जैली या फिर वैसलीन का इस्तेमाल कर सकते हैं। याद रखें हमेशा बैटरी टर्मिनल को साफ रखें।
जमा एसिड को हटायें
हफ्ते में एक बार बैटरी की जांच जरूर करें, इतना ही नहीं हफ्ते में एक बार बैटरी टर्मिनल के पास जमा एसिड को साफ जरूर करना चाइये। याद रखिये कार में बैटरी ही ऊर्जा का प्रमुख स्रोत है। अगर बैटरी मेंटेनेंस फ्री नहीं है और उसमें पानी डालता है तो बैटरी के पानी के स्तर को नियमित रूप से चेक करें।
बैटरी बदलने का सही समय
आजकल जितनी भी बैटरी आ रही हैं उनपर कंपनी 48 महीने की वारंटी देती है लेकिन अक्सर देखने में आता है की बैटरी 2 साल के भीतर ही खराब हो जाती है। और फिर बार-बार परेशान करने लगती है। अगर आपके साथ भी ऐसा ही कुह होता है तो आप बैटरी बदल लें
सर्विस
अगर आपकी कार चलते-चलते हीट हो जाए तो याद रखिये इसका असर कार की बैटरी पर भी पड़ता है। ऐसे में कार की बैटरी का पानी जल्दी सूख जाता है। इससे बैटरी जल्दी ऑक्सीडाइज्ड हो जाती है। इसलिए समय-समय पर इंजन की देखभाल बेहद जरूरी है।
गाड़ी हमेशा आराम से चलायें
रैश ड्राइविंग करने से बचें क्योकिं ऐसा करने से इसका गलत असर आपकी कार के साथ-साथ बैटरी पर भी पड़ता है। बाद में आपको ही इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा। इसलिए हमेशा स्मूथ ड्राइव करें।