ग्रहों की शांति के लिए सिर्फ रत्न ही नहीं पेड़ों की जड़ें भी चमत्कारिक रूप से लाभ देती हैं। आइए जानते हैं ऐसी ही पेड़ों की जड़ों के बारे में जिन्हें धारण करते ही किस्मत बदल जाती है और आपके यहां पैसे की बारिश होने लगती है —
अशोक के पेड़ की जड़ से दूर होंगे शोक
पूजा पाठ में अशोक के पेड़ की पत्तियां तो आप अक्सर प्रयोग में लाते होंगे। सुख-समृद्धि से जुड़े इस पेड़ के बारे में कहा जाता है कि जिसके नीचे बैठने से शोक ना हो या जिसने सभी दुखों पर विजय पा लिया हो, वह अशोक का पेड़ है। अशोक के पेड़ की जड़ भी आपके सुख समृद्धि को बढ़ाने वाली है। इसे विधि विधान से धारण करने से कभी धन की कमी नहीं होती। धन के स्थान पर इसे रखने से भी चमत्कारिक लाभ मिलता है।
केले की जड़ से दूर होगी दरिद्रता
कई बार आदमी कर्ज के जंजाल में इतना डूब जाता है कि उसे उसमें से निकलने का कोई रास्ता नहीं सूझता है। तमाम कोशिशों के बावजूद वह कर्ज के बोझ तले दबता चला जाता है। कर्ज के इस मर्ज को दूर करने के लिए केले के पेड़ की जड़ में रोली, चावल, जल और फूल अर्पित करें। इसके बाद इसको शुक्ल पक्ष की नवमी के दिन अपने धन रखने वाली जगह में रख लें। यदि आप केले के पौधे की जड़ को पीले कपड़े में लपेट कर रखते हैं तो यकीन मानिए यह पवित्र जड़ गुरु के रत्न पुखराज की तरह लाभ पहुंचाता है।
ग्रहों की शुभता पाने के लिए इन पौधों की जड़ों को धारण करें —
— सूर्य की कृपा पाने और उससे संबंधित दोषों को दूर करने के लिए बेलपत्र की जड़ लाल या गुलाबी कपड़े में बाजू में रविवार के दिन धारण करें।
— चंद्रमा की कृपा पाने और उससे संबंधित दोषों को दूर करने के लिए सफेद कपड़े में खिरनी की जड़ को सोमवार के दिन धारण करें।
— मंगल ग्रह की शुभता के लिए अनंतमूल या खेर की जड़ को लाल कपड़े में मंगलवार के दिन धारण करें।
— बुध ग्रह की कृपा पाने के लिए हरे कपड़े में विधारा की जड़ को बुधवार के दिन धारण करें।
— बृहस्पति ग्रह की कृपा पाने के लिए केले की जड़ को बृहस्पतिवार के दिन पीले कपड़े में बाजू में धारण करें।
— शुक्र ग्रह की कृपा पाने के लिए गूलर की जड़ को सफेद कपड़े में शुक्रवार के दिन धारण करें।
— शनिदेव की कृपा पाने के लिए शमी की जड़ को शनिवार के दिन नीले कपड़े में धारण करें।
— राहु से जुड़े दोषों को दूर करने के लिए सफेद चंदन के टुकड़े को नीले कपड़े में बुधवार के दिन धारण करें।
— केतु से जुड़ी बाधाओं को दूर करने के लिए अश्वगंधा की जड़ नीले रंग के कपड़े में बृहस्पतिवार के दिन धारण करें।