ईरान की खस्ताहाल अर्थव्यवस्था व सरकार की नीतियों के खिलाफ भड़के विरोध-प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा में मरने वालों की संख्या 16 हो चुकी है। देश के 31 में से 25 प्रांतों के 170 से अधिक स्थानों पर प्रदर्शनों में शामिल 580 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इन प्रदर्शनों ने सरकार को हिला दिया है। ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई ने प्रदर्शनकारियों पर सख्ती बरतने की चेतावनी दी है। खामनेई (86) ने देश में अशांति पैदा करने वाले विरोध प्रदर्शनों को लेकर कहा कि दंगाइयों पर सख्ती करनी होगी।
सर्वोच्च नेता की ये टिप्पणियां एक सप्ताह से जारी प्रदर्शनों के प्रति अधिकारियों को अधिक आक्रामक रुख अपनाने की अनुमति देने का संकेत प्रतीत होती हैं। खास बात यह है कि विरोध-प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा के संबंध में सर्वोच्च नेता खामेनेई की यह पहली टिप्पणी है। खामेनेई ने कहा, हम प्रदर्शनकारियों से बात करते हैं। अधिकारियों को भी उनसे बात करनी चाहिए, लेकिन दंगा करने वालों से बात करने का कोई फायदा नहीं है। दंगा करने वालों को उनकी जगह दिखानी होगी। उन्होंने यह भी दोहराया कि इस्राइल या अमेरिका जैसी विदेशी ताकतें विरोध प्रदर्शनों को बढ़ावा दे रही हैं लेकिन इसका कोई सबूत नहीं दिया।
मादुरो की गिरफ्तारी पर संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने जताई चिंता
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेस ने सुरक्षा परिषद को बताया कि राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस को अमेरिका में गंभीर आपराधिक मामलों में हिरासत में रखा गया है। उन्होंने कहा कि वेनेजुएला का तत्काल भविष्य अनिश्चित है और देश में अस्थिरता बढ़ने की संभावना है। गुटेरेस ने क्षेत्र और देशों के बीच संबंधों पर पड़ने वाले संभावित प्रभाव को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की।
ब्रिटेन ने एआई चैटबॉट पर अश्लील तस्वीरें बनाने के आरोप में एक्स से मांगा जवाब
ब्रिटिश सरकार और मीडिया नियामक ऑफकॉम ने एलन मस्क के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। आरोप है कि एक्स के कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) चैटबॉट ग्रोक का इस्तेमाल कर लोगों की आपत्तिजनक और बच्चों से जुड़ी अश्लील तस्वीरें तैयार की जा रही हैं। ब्रिटेन ने कंपनी से इस गंभीर सुरक्षा चूक पर जवाब तलब किया है।
ब्रिटिश नियामक ने स्पष्ट किया कि एआई के जरिये इस तरह की तस्वीरें बनाना या साझा करना कानूनन अपराध है। ऑफकॉम के प्रवक्ता के अनुसार, कंपनी से पूछा गया है कि वह यूजरों की सुरक्षा के लिए अपने कानूनी दायित्वों का पालन कैसे कर रही है। इससे पहले फ्रांस के मंत्रियों ने भी एक्स की इस सेवा को स्पष्ट रूप से अवैध बताते हुए इसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की थी। इधर, विवाद बढ़ता देख ग्रोक ने स्वीकार किया कि सुरक्षा घेरे में खामियों की वजह से ऐसी तस्वीरें बनी हैं, जिन्हें अब तेजी से सुधारा जा रहा है। गौरतलब है कि ब्रिटेन के सख्त कानूनों के तहत टेक कंपनियों की यह जिम्मेदारी है कि वे अपने प्लेटफॉर्म पर अवैध सामग्री को रोकें। इस मामले ने एक बार फिर एआई तकनीक के दुरुपयोग और सोशल मीडिया की जवाबदेही पर बड़ी बहस छेड़ दी है।
सांप्रदायिक तनाव के बीच नेपाल के बीरगंज में निषेधाज्ञा लागू
नेपाल के अधिकारियों ने भारत से सटे बीरगंज के कुछ हिस्सों में सोमवार को निषेधाज्ञा लागू कर दी। अधिकारियों ने बताया कि यह कदम बढ़ते सांप्रदायिक तनाव और झड़पों की आशंका को देखते हुए उठाया गया है।
एक दिन पहले सोशल मीडिया पर कथित धार्मिक सामग्री वाले एक वीडियो को लेकर विरोध प्रदर्शन बीरगंज शहर में हिंसक हो गए थे। यह शहर परसा जिले में स्थित है। परसा जिला प्रशासन कार्यालय ने बीरगंज महानगर के संवेदनशील इलाकों में निषेधाज्ञा जारी की है। ये प्रतिबंध स्थानीय समय के अनुसार दोपहर एक बजे से लागू हो गए हैं और अगले आदेश तक जारी रहेंगे।
जिला प्रशासन कार्यालय के प्रमुख भोलादहल की ओर से हस्ताक्षरित नोटिस में कहा गया है कि शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए तय क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की सभा, जमावड़ा, जुलूस और प्रदर्शन पर पूरी तरह रोक रहेगी।
हवाई संचार प्रणाली की खराबी के पीछे साइबर हमले नहीं: ग्रीस के परिवहन मंत्री
ग्रीस के परिवहन मंत्री ने सोमवार को कहा कि एक दिन पहले देश के हवाई क्षेत्र को बाधित करने वाली संचार प्रणाली की खराबी के पीछे की वजह साइबर हमला नहीं था। हालांकि, इस तकनीकी खामी के असल कारणों का पता लगाने के लिए जांच अभी भी जारी है।
रविवार को हवाई यातायात संचार (एयर ट्रैफिक कम्युनिकेशन) के कई चैनलों पर अचानक शोर सुनाई दिया, जिसके बाद पूरे ग्रीस में उड़ानों का संचालन कई घंटों तक रोकना पड़ा। इस कारण कई विमानों का मार्ग बदला गया और उड़ानों में देरी हुई। विमानन प्राधिकरण के अनुसार, इस दौरान आने वाली उड़ानों को क्षेत्र के कई अन्य देशों की ओर मोड़ दिया गया, जिससे हजारों यात्री फंस गए।
भारतीय महिला की हत्या, पूर्व प्रेमी पर आरोप
अमेरिका के मैरीलैंड राज्य में 27 वर्षीय भारतीय महिला निकिता गोदिशाला की हत्या का मामला सामने आया है। पुलिस का आरोप है कि इस हत्या को महिला के पूर्व बॉयफ्रेंड अर्जुन शर्मा ने अंजाम दिया और इसके बाद वह भारत भाग गया। निकिता एलिकॉट सिटी की रहने वाली थीं और 2 जनवरी को लापता बताई गई थीं। हावर्ड काउंटी पुलिस के अनुसार, निकिता का शव कोलंबिया, मैरीलैंड में अर्जुन शर्मा के अपार्टमेंट से बरामद हुआ। उनके शरीर पर चाकू से किए गए कई वार के निशान थे।
पुलिस ने बताया कि अर्जुन शर्मा ने ही पहले निकिता की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी और कहा था कि उसने आखिरी बार 31 दिसंबर की शाम को निकिता को अपने अपार्टमेंट में देखा था। लेकिन जांच में सामने आया कि 2 जनवरी को रिपोर्ट दर्ज कराने के बाद ही वह अमेरिका छोड़कर भारत के लिए उड़ान भर चुका था। पुलिस ने अर्जुन शर्मा के खिलाफ प्रथम और द्वितीय श्रेणी की हत्या के आरोप में गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। जांचकर्ताओं का मानना है कि 31 दिसंबर की शाम करीब 7 बजे के बाद निकिता की हत्या की गई।
इस मामले में वाशिंगटन डीसी में भारतीय दूतावास ने कहा है कि वह निकिता के परिवार के संपर्क में है और हर संभव कांसुलर सहायता प्रदान कर रही है। साथ ही स्थानीय अमेरिकी अधिकारियों के साथ भी लगातार संपर्क में है। फिलहाल हत्या के पीछे का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस ने कहा है कि जांच जारी है और अमेरिकी संघीय एजेंसियों के साथ मिलकर आरोपी की तलाश की जा रही है।