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World: मानव तस्करी की साजिश के आरोपियों को सुनाई गई सजा; बलूचिस्तान में सैनिकों के साथ झड़प में पांच आतंकी ढेर

Thu, 29 May 2025 10:03 PM IST
नितिन गौतम वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला।
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दुनिया की बड़ी खबरें - फोटो : अमर उजाला
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अमेरिका के वैज्ञानिकों को बड़ी सफलता मिली है। प्राचीन शिकारी-संग्राहकों के एक नए समूह की पहचान करने वाले वैज्ञानिकों का कहना है कि लगभग 6,000 वर्ष पहले ये शिकारी उत्तरी अमेरिका और दक्षिण अमेरिका के बीच रहते थे। शोधकर्ता अभी भी इस बात का पता लगाने में लगे हैं कि हज़ारों साल पहले अमेरिका में मानव आबादी कैसे फैली। वैज्ञानिकों के मुताबिक प्राचीन डीएनए के माध्यम से खोजे गए इस समूह का निवास वर्तमान बोगोटा, कोलंबिया के ऊंचे पठारों में था। नया अध्ययन बुधवार को साइंस एडवांसेज पत्रिका में प्रकाशित हुआ। 
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न्यूयार्क में डाॅ. अच्युत सामंत के नाम पर शोध संस्थान स्थापित
अमेरिका की  सिटी यूनिवर्सिटी ऑफ न्यूयॉर्क (सीयूएनवाई) ने भारतीय शिक्षाविद, समाजसेवी एवं कीट और कीस के संस्थापक डॉ. अच्युत सामंत के सम्मान में शोध संस्थान स्थापित किया गया है। संस्थान का नामकरण ‘अच्युत सामंत इंडिया इनिशिएटिव क्यूनीक्रेस्ट इंस्टिट्यूट (एएसआईआईसीसीआई) किया गया है। यहां अमेरिकी छात्रों को भारत और ओडिशा की सांस्कृतिक विरासत, आदिवासी विकास और शिक्षा के क्षेत्र में डॉ. सामंत के योगदान पर शोध का अवसर मिलेगा। हाल ही में सीयूएनवाई के ब्रॉन्क्स कम्युनिटी कॉलेज के अध्यक्ष डॉ. मिल्टन सैंटियागो ने कीट और कीस का दौरा किया था और डॉ.अच्युत सामंत के कार्यों से अत्यधिक प्रभावित हुए थे। संस्थान के उद्घाटन समारोह डॉ. सामंत को सीयूएनवाई केका सर्वोच्च सम्मान ‘प्रेसिडेंशियलमेडल’ भी प्रदान किया गया। डॉ. सामंत ने कहा कि यह उपलब्धि उनके लिए और ओडिशा सहित कीट और कीस-परिवार के लिए गर्व का क्षण है।

पाकिस्तान में हिंदू महिला का अपहरण कर कराया धर्म परिवर्तन, जबरन निकाह
पाकिस्तान में हिंदू समुदाय की महिला का अपहरण कर जबरन धर्म परिवर्तन कराकर मुस्लिम से निकाह करा दिया गया। बुधवार को अपहृत महिला का पति और उसके चार बच्चे मामला रखने के लिए मीरपुरखास में दरावर इत्तेहाद पाकिस्तान के दफ्तर आए। हिंदुओं के अधिकारों के लिए आवाज उठाने वाले शिवा काची ने कहा, पीड़ित महिला का नाम शहबाज खासखेली है। उन्होंने कहा, पुलिस ने अभी तक एफआईआर दर्ज नहीं की है। काची ने कहा अब हम अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। पीड़िता  के पति ने कहा, पिछले हफ्ते शहबाज खशखेली और उसके आदमियों ने उसकी पत्नी को उसके घर के पास से अगवा कर लिया था। दो दिन बाद वह उसे एक धार्मिक मदरसे में ले गए और उसे इस्लाम कबूल करा दिया। इसके बाद उसकी मर्जी के बिना उसका निकाह करा दिया। पति ने कहा, क्या पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ यही न्याय है।

पुर्तगाल में धुर दक्षिणपंथी चेगा पार्टी बनी मुख्य विपक्षी पार्टी

पूरे यूरोप में इन दिनों दक्षिणपंथी राजनीति में उभार देखा जा रहा है। यूरोपीय देश पुर्तगाल भी इससे अछूता नहीं है। पुर्तगाल के संसदीय चुनाव में धुर दक्षिणपंथी चेगा पार्टी ने सभी को चौंकाते हुए मुख्य विपक्षी पार्टी का दर्जा हासिल कर लिया है। चेगा पार्टी को दूसरी सबसे ज्यादा सीटें मिली हैं। पुर्तगाल में आमतौर पर मध्य दक्षिणपंथी और मध्य वामपंथी पार्टियां ही सत्ता में आती-जाती रही हैं। पुर्तगाल के अलावा फ्रांस में नेशनल पार्टी, इटली में ब्रदर्स पार्टी और जर्मनी में अल्टरनेटिव पार्टी अब राजनीतिक मुख्यधारा में शामिल हो चुकी हैं और बड़ी ताकत बनकर उभरी हैं। 

चेगा पार्टी ने छह साल पहले हुए आम चुनाव में महज एक सीट पर जीत दर्ज की थी। हालांकि अप्रवासन के खिलाफ इसके सख्त स्टैंड का पार्टी को फायदा मिला है। चेगा पार्टी ने 230 सीटों वाली पुर्तगाल संसद में 60 सीटों पर जीत दर्ज की। वहीं 88 सीटों के साथ मध्य दक्षिणपंथी डेमोक्रेटिक अलायंस को बहुमत मिला है। इस गठबंधन का नेतृत्व सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी कर रही है। मौजूदा पीएम लुइस मोंटेग्रो को एक बार फिर से सत्ता मिल सकती है। 

 

बेटी से दुष्कर्म के आरोपी अजय देव रिहा

अमेरिका की एक अदालत ने कैलिफोर्निया के रहने वाले एक व्यक्ति को रिहा करने का आदेश दिया है। इस व्यक्ति पर गोद ली हुई नाबालिग बेटी से ही दुष्कर्म का आरोप लगा था और दोषी पाए जाने पर 378 साल की सजा हुई थी। अब अदालत ने माना है कि व्यक्ति को झूठे आरोप लगाकर फंसाया गया। आरोपी की पहचान नेपाल मूल के अजय देव (58 वर्षीय) के रूप में हुई है। अजय जेल में 16 साल की सजा काट चुके हैं। अजय देव अमेरिका में वाटर इंजीनियर के तौर पर काम करते थे। साल 1998 में उन्होंने सपना देव को अपने गृह राज्य नेपाल से गोद लेने का फैसला किया। अजय और उनकी पत्नी सपना को अपने साथ अमेरिका ले आए। सपना ने ही अजय पर दुष्कर्म के आरोप लगाए थे। अदालत ने माना है कि साल 2004 में सपना का अपने प्रेमी के साथ ब्रेकअप हुआ था और सपना इसका जिम्मेदार अजय को मानती थी। बाद में सपना ने अजय पर कई वर्षों तक उसका यौन शोषण करने का आरोप लगाया था। बीते दिनों सपना ने ही कुछ परिचितों से कहा कि उसने अजय पर झूठे आरोप लगाए हैं। उन्हीं लोगों की गवाही के आधार पर अजय को छोड़ दिया गया। 

अंतरराष्ट्रीय मानव तस्करी की साजिश के आरोपियों को सुनाई गई सजा
अमेरिकी न्याय विभाग के जनसंपर्क कार्यालय ने कहा, 'आज मिनेसोटा जिले में दो लोगों को अंतरराष्ट्रीय मानव तस्करी की साजिश में उनकी भूमिका के लिए जूरी ट्रायल में दोषी ठहराए जाने के बाद सजा सुनाई गई, जिसके परिणामस्वरूप जनवरी 2022 में चार भारतीय नागरिकों की मौत हो गई, जिसमें एक तीन वर्षीय और 11 वर्षीय बच्चा शामिल है।' अमेरिकी न्याय विभाग के जनसंपर्क कार्यालय ने कहा, "हर्षकुमार रमनलाल पटेल, 29, एक भारतीय नागरिक जो पहले फ्लोरिडा का निवासी था, को साजिश में उसकी भूमिका के लिए 10 साल और एक महीने की जेल की सजा सुनाई गई थी। पटेल को उसकी सजा के बाद संयुक्त राज्य अमेरिका से निकाल दिया जाएगा। उसके सह-साजिशकर्ता, फ्लोरिडा के 50 वर्षीय स्टीव एंथनी शैंड को छह साल और छह महीने की जेल की सजा सुनाई गई, जिसके बाद दो साल की निगरानी में रिहाई होगी।'
 

बलूचिस्तान में सैनिकों के साथ झड़प में पांच आतंकवादी ढेर- पाकिस्तानी सेना
पाकिस्तानी सेना ने गुरुवार को कहा कि उसने अशांत बलूचिस्तान प्रांत में दो अलग-अलग झड़पों में पांच आतंकवादियों को मार गिराया। एक बयान में, सेना ने कहा कि आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना पर बुधवार को लोरलाई जिले में खुफिया जानकारी के आधार पर एक अभियान चलाया गया। बयान में कहा गया कि अभियान के दौरान, पाकिस्तानी सैनिकों ने आतंकवादियों के ठिकाने पर प्रभावी ढंग से हमला किया और भीषण गोलीबारी के बाद चार आतंकवादियों को मार गिराया गया।

इसमें कहा गया कि उनके पास से हथियार, गोला-बारूद और विस्फोटक भी बरामद किए गए। इसमें कहा गया कि मारे गए लोग कानून प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा वांछित थे और सुरक्षा बल लगातार उनका पीछा कर रहे थे। इसमें कहा गया कि केच जिले में एक अन्य मुठभेड़ में एक आतंकवादी मारा गया।
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ट्रंप के फैसले के प्रभाव की समीक्षा कर रहा अमेरिकी अदालत
भारत अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को आयात पर व्यापक सीमा शुल्क लगाने से रोकने वाले अमेरिकी अदालत के फैसले के प्रभाव की समीक्षा कर रहा है। अमेरिकी अदालत ने अपने फैसले में कहा है कि 1977 का अंतरराष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्ति अधिनियम सीमा शुल्क के इस्तेमाल के लिए अधिकृत नहीं करता है। ट्रंप ने आयात शुल्क में भारी वृद्धि के आदेश के आधार के तौर पर इस अधिनियम को ही उद्धृत किया है।

अमेरिका ने दो अप्रैल को भारत पर 26 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लगाने की घोषणा की थी। हालांकि, बाद में इसे नौ जुलाई तक के लिए टाल दिया गया था। लेकिन अमेरिका द्वारा लगाया गया 10 प्रतिशत बुनियादी शुल्क लागू है। एक सूत्र ने कहा, 'हम अमेरिकी न्यायालय के इस आदेश के प्रभाव की समीक्षा कर रहे हैं।' यह अदालती आदेश ऐसे समय में आया है जब भारत और अमेरिका अंतरिम व्यापार समझौते पर बातचीत कर रहे हैं, जिसमें भारत घरेलू वस्तुओं पर 26 प्रतिशत जवाबी शुल्क से पूरी छूट देने पर जोर दे रहा है।

इस आदेश पर टिप्पणी करते हुए घरेलू निर्यातकों ने कहा कि यह भारत के लिए एक अच्छा संकेत होगा। शोध संस्थान ‘ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव’ (जीटीआरआई) के संस्थापक अजय श्रीवास्तव ने कहा कि ट्रंप के शुल्क का कानूनी आधार कमजोर होने से भारत को मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के लिए प्रतिबद्ध होने से पहले अपनी वार्ता रणनीति पर विचार करना चाहिए। यह समझौता अमेरिकी हितों को प्रतिकूल रूप से प्रभावित कर सकता है।
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