फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

US-Iran Deal: ईरान परमाणु कार्यक्रम पर अमेरिका का सख्त रुख, व्हाइट हाउस ने समझौते से स्थायी शांति का किया दावा

Sat, 13 Jun 2026 06:46 AM IST
शिवम गर्ग वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने दावा किया है कि प्रस्तावित अमेरिका-ईरान समझौता क्षेत्र में दीर्घकालिक शांति सुनिश्चित कर सकता है और ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त कर सकता है। समझौता जल्द साइन होने की संभावना है।

विज्ञापन
व्हाइट हाउस ने तय की सख्त शर्तें। - फोटो : Amar Ujala Graphics
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अमेरिका और ईरान के बीच प्रस्तावित समझौता पश्चिम एशिया में लंबे समय की शांति सुनिश्चित कर सकता है और ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त करने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। यह दावा व्हाइट हाउस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को किया है।

विज्ञापन


अधिकारी के अनुसार, यह समझौता अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा तय किए गए मुख्य उद्देश्यों को पूरा करता है और इसे आने वाले कुछ दिनों में अंतिम रूप दिए जाने की संभावना है, हालांकि ईरान के भीतर अभी भी कुछ आंतरिक मतभेद बने हुए हैं।

होर्मुज जलडमरूमध्य और प्रतिबंधों पर बड़ा दावा
व्हाइट हाउस अधिकारी ने कहा कि प्रस्तावित समझौते के तहत:

  • होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोला जाएगा।
  • किसी भी प्रकार की नाकेबंदी समाप्त की जाएगी।
  • ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त किया जाएगा।
  • संवर्धित यूरेनियम को देश से बाहर या नष्ट किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि यह समझौता न केवल परमाणु खतरे को खत्म करेगा, बल्कि क्षेत्रीय स्थिरता को भी मजबूत करेगा।

विज्ञापन


यह भी पढ़ें:- US-Iran Agreement: अराघची बोले- अमेरिका के साथ समझौता बेहद करीब; ट्रंप ने ईरानी विदेश मंत्री की पोस्ट शेयर की

परमाणु सामग्री पर सख्त निरीक्षण व्यवस्था
अधिकारी ने बताया कि समझौते में एक सख्त निरीक्षण प्रणाली शामिल होगी, जिससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि ईरान अपनी प्रतिबद्धताओं का पालन करे। इसके तहत परमाणु सामग्री को या तो मौके पर नष्ट किया जाएगा या देश से बाहर ले जाया जाएगा।

ईरान को आर्थिक लाभ प्रदर्शन पर आधारित होगा
व्हाइट हाउस ने स्पष्ट किया है कि ईरान को समझौते पर हस्ताक्षर के समय किसी भी प्रकार का तत्काल वित्तीय लाभ नहीं दिया जाएगा। अधिकारी के अनुसार, आर्थिक राहत केवल तभी प्रदान की जाएगी जब ईरान अपनी सभी प्रतिबद्धताओं का पालन करेगा। इसमें परमाणु सामग्री सौंपने पर आर्थिक लाभ, परमाणु सुविधाओं को बंद करने पर अतिरिक्त राहत और क्षेत्रीय शांति व स्थिरता में योगदान देने पर अतिरिक्त प्रोत्साहन शामिल होंगे।

यह भी पढ़ें:-  ईरान के यूरेनियम पर कब्जे करने की योजना पर अमेरिका का यू-टर्न, ट्रंप ने ग्राउंड ऑपरेशन रोका
विज्ञापन


ईरान के भीतर मतभेद भी बड़ी चुनौती
अधिकारी ने यह भी स्वीकार किया कि ईरान के भीतर सभी पक्ष इस समझौते से सहमत नहीं हैं। हालांकि, अधिकांश प्रभावशाली समूह इसे आगे बढ़ाना चाहते हैं और आंतरिक मतभेद धीरे-धीरे सुलझ रहे हैं। उन्होंने कहा कि ईरान की आधिकारिक मीडिया पर पूरी तरह भरोसा करना गलत हो सकता है, क्योंकि वहां आंतरिक राजनीतिक संदेशों को अलग तरीके से प्रस्तुत किया जाता है।

समझौते के जल्द साइन होने की संभावना
व्हाइट हाउस अधिकारी के अनुसार, इस समझौते के अगले कुछ दिनों में साइन होने की संभावना 80 से 85 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि अभी अंतिम सहमति नहीं बनी है।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें