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US-Iran Conflict: 'तीन दिन में ईरान की नौसेना के 42 जहाज किए नष्ट', ईरानी परमाणु कार्यक्रम पर भी बोले ट्रंप

Sun, 08 Mar 2026 12:48 AM IST
Himanshu Singh Chandel वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

Iran Navy Ships Destroyed: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिकी सेना ने तीन दिनों के भीतर ईरान की नौसेना के 42 जहाज नष्ट कर दिए हैं। साथ ही उन्होंने दावा किया कि यह कदम ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के लिए उठाया गया था।
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डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिका के राष्ट्रपति - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिकी सेना ने ईरान की नौसेना को बड़ा नुकसान पहुंचाया है। ट्रंप ने कहा कि पिछले तीन दिनों में अमेरिका ने ईरान की नौसेना के 42 जहाजों को नष्ट कर दिया। उन्होंने यह भी कहा कि इस कार्रवाई में ईरान की संचार प्रणाली और सैन्य क्षमताओं को भी गंभीर नुकसान हुआ है। ट्रंप ने यह बयान शील्ड ऑफ अमेरिका समिट में अपने संबोधन के दौरान दिया।
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ट्रंप ने हमले को लेकर क्या दावा किया?
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान के खिलाफ तेज और सटीक सैन्य कार्रवाई की। उन्होंने दावा किया कि तीन दिनों के भीतर ईरान की नौसेना के 42 जहाजों को खत्म कर दिया गया। ट्रंप के मुताबिक इनमें कई बड़े युद्धपोत भी शामिल थे। उन्होंने कहा कि इस अभियान में ईरान की वायुसेना और संचार व्यवस्था को भी गंभीर नुकसान पहुंचाया गया है।

ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर क्या कहा गया?
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका ने यह कार्रवाई इसलिए की क्योंकि ईरान परमाणु हथियार बनाने के बहुत करीब पहुंच गया था। उन्होंने दावा किया कि अगर अमेरिका ने बी-2 विमान से किया गया मिडनाइट हैमर हमला नहीं किया होता तो ईरान आठ महीने पहले ही परमाणु हथियार हासिल कर सकता था। ट्रंप ने कहा कि इस कार्रवाई से दुनिया को एक बड़े खतरे से बचाया गया है।
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वेनजुएला को लेकर ट्रंप ने क्या कहा?
अपने भाषण में ट्रंप ने वेनेजुएला का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ऑपरेशन एब्सोल्यूट रिजॉल्व के तहत एक सटीक सैन्य कार्रवाई की थी। ट्रंप के अनुसार इस ऑपरेशन के दौरान पूर्व राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ अभियान चलाया गया। उन्होंने कहा कि अब अमेरिका वेनेजुएला की नई सरकार के साथ मिलकर काम कर रहा है और दोनों देशों के बीच सोने और खनिज संसाधनों को लेकर एक महत्वपूर्ण समझौता भी हुआ है।

क्यूबा और अन्य देशों को लेकर क्या संकेत दिए गए?
ट्रंप ने कहा कि अमेरिका क्यूबा के साथ भी संभावित समझौते को लेकर बातचीत कर रहा है। उन्होंने कहा कि क्यूबा के साथ बातचीत चल रही है और जल्द ही इस दिशा में कोई बड़ा फैसला हो सकता है। हालांकि ट्रंप ने स्पष्ट किया कि फिलहाल अमेरिका का मुख्य ध्यान ईरान की स्थिति पर ही है।
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ईरान ने क्या जवाब दिया है?
संयुक्त राष्ट्र में ईरान के मिशन ने इन दावों पर प्रतिक्रिया दी है। ईरान ने कहा कि हाल के हमलों में उसने केवल सैन्य ठिकानों और अमेरिकी संपत्तियों को ही निशाना बनाया था। ईरानी मिशन के अनुसार गैर-सैन्य ठिकानों पर हुई कुछ घटनाएं संभवतः अमेरिकी इलेक्ट्रॉनिक रक्षा प्रणाली के कारण हुई होंगी, जिसने मिसाइलों को उनके निर्धारित सैन्य लक्ष्यों से भटका दिया होगा।

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