बीते माह अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर हुए हमले के मामले में सुरक्षा में चूक की पूरी जिम्मेदारी अमेरिकी सीक्रेट सर्विस ने ली है। सीक्रेट सर्विस के कार्यवाहक प्रमुख रोनाल्ड रोवे ने प्रेस कॉन्फ्रेस के दौरान ये बयान दिया। उन्होंने ट्रंप की हत्या की कोशिश को लेकर कहा कि इस घटना को लेकर स्थानीय एजेंसियां सुरक्षा उल्लंघन के लिए जिम्मेदार नहीं हैं। ये सीक्रेट सर्विस की विफलता ही थी कि पूर्व राष्ट्रपति की सुरक्षा में इस तरह की चूक हुई।
उन्होंने कहा कि मेरे पास अभी जो जानकारी है उसके आधार पर न तो सीक्रेट सर्विस काउंटर-स्नाइपर टीमों और न ही पूर्व राष्ट्रपति के सुरक्षा सदस्यों को कोई जानकारी थी कि एजीआर भवन की छत पर एक आदमी बंदूक के साथ था। मुझे लगता है कि कर्मियों को तब तक पता नहीं था कि हमलावर के पास बंदूक है, जब तक उन्होंने गोलियों की आवाज नहीं सुनी।
सीक्रेट सर्विस की मुख्य भूमिका राष्ट्रपति, पूर्व राष्ट्रपतियों और उनके परिवार के सदस्यों की सुरक्षा करना है। गौरतलब है कि राष्ट्रपति पद के उम्मीदवारों को भी सीक्रेट सर्विस की सुरक्षा भी मिलती है।
पत्रकारों से वार्ता करते हुए सीक्रेट सर्विस के अंतरिम प्रमुख रोनाल्ड ने कहा कि पिछले महीने हुए हमले की इस घटना में सुरक्षा विफलताओं के लिए पेंसिल्वेनिया में स्थानीय पुलिस को जिम्मेदार नहीं ठहराया जाना चाहिए। सीक्रेट सर्विस को उस छत को ढंकना चाहिए था। हमें उस पर बेहतर नजर रखनी चाहिए थी।
गौरतलब है कि इससे पहले, इस सप्ताह की शुरुआत में अमेरिकी कांग्रेस को दी गई गवाही में रोवे ने इस विफलता का ठीकरा स्थानीय एजेंसियों पर फोड़ा था। उन्होंने सुरक्षा विफलता के लिए स्थानीय कानून प्रवर्तन को जिम्मेदार ठहराया था। ट्रंप पर हमला अमेरिकी इतिहास में एक गंभीर सुरक्षा चूक थी। इसके लिए सीक्रेट सर्विस के तत्कालीन निदेशक किम्बर्ली चीटल को कांग्रेस के दबाव में अपने पद से इस्तीफा देना पड़ गया था।
कैसे हुआ ट्रंप पर हमला
बीते माह की 13 तारीख को अमेरिका में जब पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक रैली को संबोधित कर करे थे उस वक्त एक हमलावर ने काफी उंचाई वाली जगह से ट्रंप पर एक के बाद एक कई गोलियां दागी। इस घटना का जो वीडियो सामने आया था, उसमें ट्रंप के कान के पास से खून निकलता देखा गया था। इस हमले में पूर्व राष्ट्रपति बाल-बाल बच गए। इस पूरी घटना के पीछे जिस शख्स की पहचान हुई वो महज 20 साल का थॉमस मैथ्यू क्रुक्स था। उसे गोलीबारी के तुरंत बाद ही एक स्नाइपर ने मार गिराया था।