राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को प्रदर्शनकारियों से मॉब हिंसा को रोकने की अपील की। पुलिस हिरासत में मिनियापोलिस के अश्वेत व्यक्ति जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के जवाब में शुरू हुए प्रदर्शन के दौरान भड़की हिंसा की ट्रंप ने निंदा की। राष्ट्रपति ट्रंप ने जॉर्ज फ्लॉयड की मौत को त्रासदी बताते हुए कहा कि ऐसा कभी नहीं होना चाहिए।
ट्रंप ने कहा, "इस घटना ने देश को भय, क्रोध और शोक से भर दिया है। राष्ट्रपति ने कहा, "मैं न्याय और शांति की मांग करने वाले हर अमेरिकी का दोस्त और सहयोगी बनकर आपके सामने खड़ा हूं।"
राष्ट्रपति ने कहा कि वह उस दर्द को समझते हैं जो इस समय लोग महसूस कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका प्रशासन शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के अधिकार का समर्थन करता है और उनकी दलीलों को सुनता है। हालांकि, इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका की सड़कों पर जो कुछ भी देखने को मिला है उसका शांति और इंसाफ से कोई लेना-देना नहीं है।
ट्रंप ने कहा, "निर्दोषों को डराने, नौकरियों को खत्म करने, व्यवसायों को नुकसान पहुंचाने और इमारतों को जलाने वाले दंगाइयों, लुटेरों और अराजकतावादियों की तरफ से जॉर्ज फ्लॉयड की यादों को अपमानित किया जा रहा है।"
बाद में ट्रंप ने एक ट्वीट में लिखा कि अब नेशनल गार्ड अपना काम करेगा, क्योंकि उन्होंने मिनियापोलिस के मेयर जैकब फ्रे को स्वाइप कर दिया है।
उन्होंने दूसरे ट्वीट में लिखा, "मिनियापोलिस में नेशनल गार्ड को उस काम के लिए तैनात किया गया है, जिसे डेमोक्रेट मेयर नहीं कर सके। इसे 2 दिन पहले ही कर देना चाहिए था जिससे इतना नुकसान न होता और न ही पुलिस हेडक्वाटर को निशाना बनाया गया होता। नेशनल गार्ड की तरफ से शानदार काम किया गया है। अब कोई गेम नहीं होगा।"
क्या है मामला?
अमेरिका के मिनियापोलिस शहर में एक अफ्रीकी मूल के अमेरिकी शख्स जॉर्ज फ्लॉयड की पुलिस बर्बरता से मौत हो गई, जिसके बाद इस घटना का वीडियो सामने आया। वीडियो में एक अश्वेत को हथकड़ी लगी है और वह जमीन पर उल्टा लेटा है। एक पुलिस अफसर पांच मिनट से ज्यादा समय तक उसकी गर्दन अपने घुटने से दबाए रहता है। बाद में उस आदमी की मौत हो जाती है।
अब तक क्या हुआ?
- कई शहरों में प्रदर्शनकारियों ने दुकानों को लूटा।
- प्रदर्शनकारियों ने पुलिस की गाड़ियों और इमारतों में आग लगा दी।
- राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्वीट किया था कि जब लूटिंग शुरू होती है तो शूटिंग भी होती है। इस ट्वीट की काफी आलोचना हुई। ट्विटर ने इस ट्वीट को हाइड कर दिया।
- सेंट जॉन्स चर्च में प्रदर्शनकारियों ने आग लगा दी।
- प्रदर्शनकारियों की भीड़ व्हाइट हाउस के बाहर खड़ी हो गई। सीक्रेट सर्विस और यूनाइटेड स्टेट्स पार्क पुलिस की मशक्कत के बाद भीड़ पर काबू किया गया। ट्रंप को कुछ देर बंकर में ले जाया गया।
- दंगाइयों पर काबू पाने के लिए रिजर्व मिलिट्री द नेशनल गार्ड के पांच हजार जवानों को तैनात किया गया।
- करीब 17 शहरों से लगभग 1,400 प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
- वाशिंगटन समेत 40 शहरों में कर्फ्यू लागू।