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शर्मिंदगी: मजहब के नाम पर श्रीलंकाई नागरिक की हत्या को लेकर घिरा पाकिस्तान, श्रीलंका संसद ने की निंदा

Sun, 05 Dec 2021 05:59 AM IST
Jeet Kumar एजेंसी, कोलंबो।

सार

शुक्रवार देर शाम पंजाब पुलिस के महानिरीक्षक राव सरदार अली खान ने बताया कि वीडियो फुटेज के जरिये 100 संदिग्धों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
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सांकेतिक तस्वीर.... - फोटो : social media
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विस्तार
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श्रीलंका की संसद ने मजहबी उन्माद में भीड़ द्वारा पाकिस्तान के सियालकोट में हुई श्रीलंकाई नागरिक प्रियंता कुमारा दियावदान की हत्या की निंदा की है। वहीं, श्रीलंका के प्रधानमंत्री महिंदा राजपक्षे ने कहा कि वे उम्मीद करते हैं कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री दोषियों को सजा दिलाने के अपने वादे पर खरे उतरेंगे और पाकिस्तान में मौजूद अन्य श्रीलंकाई नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।

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शुक्रवार देर शाम घटना के बाद इमरान खान ने ट्वीट में लिखा “सियालकोट में श्रीलंकाई मैनेजर को जिंदा जलाना पाकिस्तान के लिए शर्म का दिन है। मैं खुद जांच की निगरानी कर रहा हूं, सभी दोषियों को पूरी गंभीरता से दंडित किया जाएगा। गिरफ्तारियां की जा रही हैं।”

वहीं, शुक्रवार देर शाम पंजाब पुलिस के महानिरीक्षक राव सरदार अली खान ने बताया कि वीडियो फुटेज के जरिये 100 संदिग्धों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

एमनेस्टी इंटरनेशनल सहित तमाम मानवाधिकार संगठनों ने मजहबी उन्माद में की गई हत्या को लेकर पाकिस्तान को लताड़ लगाई है। एमनेस्टी इंटरनेशनल ने कहा कि यह घटना पाकिस्तान में ईशनिंदा जैसे कानूनों को खत्म करने की तात्कालिकता को रेखांकित करती है, जिसके कारण अल्पसंख्यकों का जीवन हमेशा जोखिम में रहता है। 
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शर्मिंदगी में डूबा है सोशल मीडिया

  • ट्विटर पर डॉक्टर जावेद इकबाल लिखते हैं-सियालकोट में श्रीलंकाई भाई के साथ जो हुआ, उससे एक पाकिस्तानी के तौर पर मैं बेहद शर्मिंदा हूं।
  • पाकिस्तनी पत्रकार अनस मलिक ने टि्वटर पर लिखा- सियालकोट में जो कुछ हुआ, उससे पता चलता है कि पाकिस्तान में कट्टरपंथ और असहिष्णुता किस हद तक फैल गई है, सभी का सिर शर्म से झुक जाना चाहिए।

आतंकी समूह के समर्थकों ने की हत्या
तहरीक ए लब्बैक पाकिस्तान (टीएलपी) पाकिस्तान के पोस्टर फाड़ने की घटना के बाद श्रीलंकाई मैनेजर की हत्या हुई। टीएलपी प्रतिबंधित कट्टरपंथी आतंकी संगठन रहा है, इमरान सरकार ने हाल ही में इससे  प्रतिबंध हटाया है।

प्रियंता दियावदान पर चरमपंथी भीड़ के क्रूर हमले से स्तब्ध हूं। श्रीलंका के लोगों को उम्मीद है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान  सभी दोषियों को न्याय के कटघरे में लाने के लिए अपनी प्रतिबद्धता पर कायम रहेंगे।

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