सऊदी अरब सरकार ने हज या उमराह करने वाली महिलाओं के लिए बड़ा फैसला लिया है। इसके मुताबिक अब कोई भी महिला अपने पुरुष साथी (महरम) के बिना भी हज या उमराह के लिए सऊदी अरब जा सकती हैं। इससे पहले हज या उमराह करने क लिए महिला के साथ पुरुष होना जरूरी था जिसके चलते कई महिलाएं यहां तक नहीं पहुंच पाती थीं।
सऊदी अरब के हज और उमरा मंत्री डॉ. तौफीक बिन फौजान अल-राबिया ने घोषणा की कि अब महिलाएं बिना किसी महरम के हज या उमराह कर सकती हैं।
इस फैसले को लेकर पूर्व मंत्री इब्राहिम हुसैन ने कहा कि महिलाएं पहले से ही कई बाधाओं का सामना करती थीं। उन्हें हज या उमराह करने के लिए पुरुष साथी ढूंढना मुश्किल होता है। अगर मिल भी जाता है तो महंगाई का बोझ बढ़ जाता है। महिलाओं को बिना मेहरम हज या उमराह करने की अनुमति देना उनके जीवन को सरल बनाना है।
साल 2022 में भारत से करीब अस्सी हजार मुसलमान सऊदी अरब जाएंगे। इनमें पचास फीसदी संख्या महिलाओं की है। भारत सरकार के आंकड़ों के मुताबिक, 2019 में सबसे ज्यादा दो लाख भारतीय मुसलमान हज के लिए सऊदी अरब पहुंचे थे।
महिलाओं के महरम के बिना भी हज करने के फैसले के बाद अरब सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था को और पुख्ता कर दिया गया है। देश के परिवहन के सभी साधनों और बंदरगाहों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। इस फैसले को पूरी तरह से लागू करने के लिए महिला उत्पीड़न विरोधी कानून समेत मजबूत ढांचा तैयार किया गया है।