संयुक्त राष्ट्र की एक स्वतंत्र विशेषज्ञ की रिपोर्ट में कहा गया है कि सऊदी पत्रकार जमाल खशोगी की पिछले साल अक्टूबर में हुई हत्या से सऊदी अरब के युवराज के जुड़े होने के ठोस सबूत हैं। विश्व निकाय की न्याय से इतर हत्या मामलों की विशेष प्रतिनिधि एग्नेस कल्लामार्ड ने कहा कि वह इस पर दृढ़ हैं कि ठोस सबूत है जिससे युवराज सहित सऊदी अरब के उच्चाधिकारियों की व्यक्तिगत जवाबदेही की आगे जांच जरूरी हो जाती है।
संयुक्त राष्ट्र के अधिकार विशेषज्ञ का कहना है कि कुछ ऐसे विश्वसनीय सबूत मिले हैं जो सऊदी क्राउन प्रिंस को खशोगी की हत्या से जोड़ते हैं। विशेषज्ञ का कहना है कि संयुक्त राष्ट्र प्रमुख को खशोगी की हत्या पर अंतर्राष्ट्रीय जांच शुरू करनी चाहिए।
बता दें खशोगी की हत्या से ना केवल प्रेस की स्वतंत्रता के खतरे में होने की बात उठी थी, बल्कि मानव अधिकार कार्यकर्ताओं ने भी इस हत्या की काफी निंदा की थी। दुनियाभर के नेताओं, यहां तक कि अमेरिकी सीनेटरों ने भी इस हत्या के प्रति दुख व्यक्त किया था। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस मामले में ना केवल सीआईए की जांच के निष्कर्ष पर सवाल उठाया बल्कि उन्होंने मध्य पूर्व के अपने सहयोगी सऊदी पर कोई जुर्माना भी नहीं लगाया था।
सीआईए ने कहा था कि खशोगी की हत्या का आदेश सऊदी राजकुमार मोहम्मद बिन सलमान ने ही दिया था। इस बात के सीआईए के पास सबूत भी हैं। बीते साल अक्तूबर में उनकी इस्तांबुल स्थित सऊदी वाणिज्य दूतावास में हत्या कर दी गई थी। खशोगी की मंगेतर का कहना है कि सऊदी ने उनसे अभी तक संपर्क नहीं किया है।
खशोगी वाशिंगटन पोस्ट के लिए स्तंभ लिखते थे। उन्होंने सऊदी अरब के राजकुमार सलमान के शासन और उनके बेटे मोहम्मद बिन सलमान के खिलाफ भी कई लेख लिखे थे।
तुर्की के राष्ट्रपति ने सऊदी पत्रकार जमाल खशोगी की हत्या को लेकर एक खुलासा किया था। उनके मुताबिक खशोगी की हत्या मामले में जो ऑडियो उनके पास है, उसमें एक हत्यारे ने कहा है,"मुझे पता है कैसे काटना है।" ये ऑडियो तुर्की ने अमेरिका और यूरोपियन अधिकारियों के साथ साझा की थी। एर्दोगन ने रियाध की भी आलोचना की थी कि इस्तांबुल में सऊदी वाणिज्य दूतावास में खशोगी की हत्या कैसे हुई। खशोगी अपनी मंगेतर से शादी करने वाले थे और इसी के लिए वह दस्तावेज लेने दूतावास गए थे।
खशोगी की हत्या के बाद पूरी दुनिया में सऊदी के राजकुमार सलमान की आलोचना की गई। वहीं सऊदी खुद पर लगे आरोपों से इनकार करता रहा है।