फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रूस में कोरोना संकट भयावह हुआ, हर रोज 10 हजार से ज्यादा मामले आ रहे सामने

Sat, 09 May 2020 10:36 AM IST
अनवर अंसारी वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
कोरोना वायरस - फोटो : PTI
विज्ञापन

पूरी दुनिया कोरोना वायरस का दंश झेल रही है। इस खतरनाक वायरस से सबसे ज्यादा प्रभावित अमेरिका है। वहीं, रूस में भी कोविड-19 के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। रूस में पिछले पांच दिनों में हर रोज 10 हजार के करीब संक्रमित पाए जा रहे हैं। रूस में संक्रमितों की संख्या 1,87,859 हो गई है।

विज्ञापन


हालांकि, रूस के लिए राहत भरी खबर यह है कि यहां रोजाना मौतों की दर 0.9 फीसदी ही है। रूस में कोरोना वायरस से 1723 लोगों ने जान गंवाई हैं। दुनिया के सबसे ज्यादा प्रभावित देशों की सूची में रूस पांचवे नंबर पर है। 


वहीं, रूस की सरकार कोरोना वायरस को रोकने के लिए जी-जान से जुटी हुई है। सरकार ने देश में 85 हॉटस्पॉट की पहचान की है, जहां सबसे ज्यादा मामले सामने आ रहे हैं। इनमें सबसे बड़ा हॉटस्पॉट राजधानी मॉस्को है। देश के 50 फीसदी मामले राजधानी में ही सामने आए हैं। मॉस्को में 92,676 लोग कोरोना संक्रमित हैं। 
विज्ञापन


मॉस्को के मेयर सर्गेई सोबयानिन ने चेतावनी दी है कि अगर वायरस का प्रसार नहीं रुकता है तो राजधानी में 2.5 लाख लोग इसकी चपेट में आ सकते हैं। एहतियातन मॉस्को में लॉकडाउन को 31 मई तक बढ़ा दिया गया है। साथ ही सार्वजनिक स्थानों और वाहनों में मास्क लगाना और ग्लव्स पहनना अनिवार्य कर दिया गया है। 

सरकार की तरफ से लोगों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे गैर-जरूरी कार्यों के लिए घर से बाहर न निकलें। जिन लोगों को दफ्तर जाना है, उन्हें सरकारी पास बनवाना होगा। रूस के अलग-अलग राज्य अपने स्तर पर लॉकडाउन को बढ़ा रहे हैं। 

वहीं, राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने इस बात को स्वीकार कर लिया है कि देश में मास्क और पीपीई (व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण) किट जैसे सुरक्षा साधनों की बेहद कमी है। इस कारण कंपनियों को आदेश दिया गया है कि इनका उत्पादन बढ़ाया जाए। 

रूस में कोरोना से अब तक 97 डॉक्टरों की मौत
रूस में कोरोना वायरस की चपेट में स्वास्थ्यकर्मी भी आ गए हैं। रूस में अब तक 97 डॉक्टरों ने कोविड-19 संक्रमण से अपनी जान गंवाई है। इसके अलावा हजारों स्वास्थ्यकर्मी इस खतरनाक वायरस की चपेट में हैं। 

स्वास्थ्यकर्मियों ने शिकायत की है कि उन्हें मास्क और पीपीई किट मुहैया नहीं कराया जा रहा है। अगर वो इस बात की शिकायत कर रहे हैं तो उन्हें नौकरी से निकालने की धमकियां मिल रही है। दूसरी तरफ, दबाव और तनाव के चलते रूस में तीन संक्रमित डॉक्टर अस्पताल की खिड़कियों से कूद गए। इनमें से दो की मौके पर ही मौत हो गई।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें