इसी सप्ताह लॉन्च किया गया चीन का अगली पीढ़ी का स्पेसशिप कुछ तय गतिविधियों को अंजाम देने के बाद अब अपने ऑर्बिट में सामान्य तरीके से काम कर रहा है। चीन की अंतरिक्ष एजेंसी के अधिकारियों ने यह जानकारी दी। चीन ने इस स्पेसशिप की लॉन्चिंग बिना क्रू के देश के नए बड़े कैरियर रॉकेट लॉन्ग मार्च-5बी से हाइनान स्थित वेनचांग स्पेस लॉन्च सेंटर से की थी।
दुनिया में बेशक कोरोना का कोहराम मचा हो लेकिन चीन अपनी आसमानी ताकत बढ़ाने और खुद को महाशक्तिशाली बनाने की मुहिम में पहले से भी ज्यादा तेजी से जुटा हुआ है। चीन के स्पेस स्टेशन कार्यक्रम के तहत लॉन्ग मार्च 5बी के पहले फ्लाइट मिशन की कामयाबी से पूरा देश जश्न मना रहा है, बधाई संदेशों का तांता लगा है। चीनी कम्युनिस्ट पार्टी ने अपने स्पेस वैज्ञानिकों की हौसला अफजाई करते हुए उन्हें बधाई दी है।
सेंट्रल मिलिट्री कमीशन ने भी वेनचांग स्पेस लॉन्च सेंटर से अंतरिक्ष में सफलतापूर्वक भेजे गए चीन के इस न्यू जेनेरेशन मैन्ड स्पेसशिप की पूरी टीम को बधाई दी है और इसे बड़ी कामयाबी बताया है। वैज्ञानिकों का हौसला बढ़ाते हुए बधाई संदेशों में कहा गया है कि कोविड-19 जैसी वैश्विक महामारी के बीच जिस तरह पूरी टीम ने जुटकर अपने मिशन को कामयाब बनाया है उससे स्पेस स्टेशन बनाने की दिशा में चीन अपने तीसरे पायदान पर पहुंच चुका है।
चीन पिछले पांच दशकों से अपने स्पेस कार्यक्रम के तहत लगातार नई उपलब्धियां हासिल कर रहा है। इस दौरान उसने दस से ज्यादा तरीके के कैरियर रॉकेट बनाए हैं। लॉन्ग मार्च 5बी को सफलतापूर्वक लॉन्च करने के बाद चीनी स्पेस कार्यक्रम एक नए मुकाम तक पहुंच गया है।
इससे पहले कोरोना संकट के बीच ही चीन की सैन्य ताकत में इजाफे से लेकर गुपचुप परमाणु परीक्षण करने की खबरें भी आती रही हैं। जाहिर है इन खबरों से पूरी दुनिया के बीच चीन अपनी ताकत और धमक का इजहार करते हुए खुद को दुनिया की सबसे बड़ी महाशक्ति साबित करने में लगा है।