अमेरिका की राजनीति में पहली बार राष्ट्रपति पद के प्रत्याशियों ने एक-दूसरे पर निजी स्तर पर आरोप प्रत्यारोप लगाए हैं। पहली बार सार्वजनिक बहस में महिलाओं की इज्जत चुनावी मुद्दा बनी है। यही नहीं बल्कि पहली बार ईमेल मामले, रूस के साथ संबंध और सार्वजनिक गाली-गलौच के बीच दोनों प्रत्याशियों की छवि दुनिया के सबसे बड़े लोकतांत्रिक देश में दागदार साबित हुई है।
8 नवंबर को ‘इलेक्शन डे’ से पूर्व अंतिम सर्वेक्षण में मतदाताओं ने पहली बार अमेरिकी राजनीति को निचले स्तर की बताते हुए नाराजगी जताई है। न्यूयॉर्क टाइम्स और सीबीएस द्वारा कराए गए इस सर्वेक्षण में हिलेरी क्लिंटन अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी डोनाल्ड ट्रंप से मात्र 3 प्वाइंट की मामूली बढ़त ही बना पाई हैं। डेमोक्रेटिक पार्टी की प्रत्याशी हिलेरी को 45 प्वाइंट मिले जबकि रिपब्लिकन पार्टी के ट्रंप को 42 प्वाइंट ही मिल सके।
इस अंतिम सर्वेक्षण में अमेरिका के बहुसंख्य मतदाताओं ने अमेरिकी राजनीति के प्रति उनमें घृणा के भाव के जागने की बेबाक राय रखी। प्रत्येक 10 में से आठ से भी ज्यादा मतदाताओं ने इस सर्वेक्षण में कहा कि चुनाव प्रचार के दौरान जहरीले बयानों के चलते उनमें ‘इलेक्शन डे’ के प्रति ‘उत्साह’ जागने के बजाय ‘निराशा’ का भाव जागृत हुआ है। हिलेरी और ट्रंप दोनों ही बहुसंख्य मतदाताओं के बीच अपनी ईमानदार छवि नहीं बना पाए हैं।