यमन की राजधानी सना में पुलिस कॉलेज के बाहर एक भयंकर बम विस्फोट हुआ, जिसमें कम से कम 30 लोगों के मारे जाने की खबर है। यह जानकारी सुरक्षा संबंधी सूत्रों ने दी है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि विस्फोट तब हुआ, जब लोग पुलिस में भर्ती के लिए कतार में खड़े थे। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक़ विस्फोट इतना भीषण था कि पूरे शहर में आवाज सुनाई दी और धुएं का बड़ा गुबार उठता देखा गया। अभी तक हमले की जिम्मेदारी किसी ग्रुप ने नहीं ली है।
सरकार विरोधी गतिविधि
हालांकि अरब प्रायद्वीपीय अल-क़ायदा के इस्लामिक चरमपंथियों यानी 'एक्यूएपी' ने देश में गोलीबारी और विस्फोट जैसी घटनाएं तेज कर दी हैं। 2011 से ही यमन में सरकार विरोधी गतिविधियों के कारण अशांति छाई है।
विरोध के बाद साल 2012 में राष्ट्रपति अली अब्दुल्ला सलेह को 33 साल के लंबे शासन के बाद गद्दी छोड़नी पड़ी थी। तब से यमन सरकार अमरीकी ड्रोन की मदद से अल-क़ायदा के बढ़ते प्रभाव का सामना कर रही है।