अमेरिका में अश्वेतों के खिलाफ पुलिस की बर्बरता का मामला गहराता जा रहा है। विस्कॉन्सि राज्य के केनोशा शहर में ‘एक व्यक्ति एक मत’, ‘न्याय नहीं, शांति नहीं’ और ‘सात गोली, सात दिन’ के नारों के साथ सैकड़ों ने लोगों ने एक अदालत के बाहर प्रदर्शन किया।
एक पुलिस अफसर ने हफ्ते भर पहले जैकब ब्लेक नाम के एक अश्वेत व्यक्ति को सात गोलियां मारी थीं, जिसमें वह अपाहिज हो गया था। इसके बाद यहां हिंसा भड़क उठी थी और लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
शनिवार को प्रदर्शन में ब्लेक के पिता ब्लेक सीनियर भी शामिल हुए और उन्होंने वहां उपस्थित लोगों को संबोधित किया। ब्लेक सीनियर ने सिस्टम पर सवाल उठाते हुए कहा, यह सिस्टम पुलिस की बर्बरता और नस्ली भेदभाव को बढ़ावा देता है। इसमें बदलाव की आवश्यकता है। मेरे बेटे को कई गोलियां मारी गईं। उसके साथ जानवरों से भी बुरा सलूक किया गया। उसे दर्द निवारक दवाइयां दी जा रही हैं। वह होश में है, लेकिन बहुत दर्द में है। इस घटना को लेकर फिर से अश्वेत लोगों में गुस्सा है।
बता दें कि पिछले कुछ महीने में अश्वेतों के खिलाफ हिंसा की घटनाएं बढ़ी हैं। जैकब ब्लेक की घटना से पहले पुलिस हिरासत में एक अश्वेत की मौत पर अमेरिका में काफी हंगामा मचा। इस घटना के विरोध में कई देशों में भी विरोध प्रदर्शन हुए थे।
डैमेज कंट्रोल में जुटे ट्रंप
अफ्रीकी मूल के अमेरिकी अश्वेत जैकब को गोली मारने की घटना ने ट्रंप प्रशासन को दबाव में डाल दिया है। राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले बड़े पैमाने पर हो रहे विरोध प्रदर्शन और हिंसा को देखते हुए सरकार अब डैमेज कंट्रोल में जुट गई है। व्हाइट हाउस ने बताया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप मंगलवार को केनोशा शहर का दौरा करेंगे और कानून व्यवस्था का जायजा लेंगे।
ट्रंप समर्थकों और प्रदर्शनकारियों में झड़प, एक की मौत
पुलिस बर्बरता के खिलाफ ‘ब्लैक लाइव्स मैटर’ अभियान के तहत में लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं। इस बीच, शनिवार रात पोर्टलैंड शहर में प्रदर्शनकारी और ट्रंप समर्थक आपस में भिड़ गए। इस दौरान एक श्वेत व्यक्ति की गोली मारकर हत्या कर दी गई। अस्पताल पहुंचने से पहले उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने बताया कि झड़प के दौरान कम से कम तीन राउंड फायरिंग हुई।