अमेरिका के शीर्ष खुफिया अधिकारी ने कांग्रेस (संसद) को बताया कि उनका कार्यालय कैपिटोल हिल को व्यक्तिगत तौर पर चुनाव सुरक्षा जानकारियां अब नहीं देगा। अधिकारी के इस कदम से आगामी राष्ट्रपति चुनाव में विदेशी दखल के बारे में जानने के जनता के अधिकार पर सांसदों को चिंता में डाल दिया है।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा खुफिया निदेशक जॉन रैटक्लिफ ने यह निर्णय इसलिए लिया, क्योंकि प्रशासन संसद द्वारा चुनाव सुरक्षा संबंधी जानकारियां सार्वजनिक करने की खुफिया सूचनाओं से तंग आ गया था।
उन्होंने सूचनाएं लीक की और उससे भी खराब, उन्होंने गलत सूचनाएं दीं और हम उससे थक गए थे। हालांकि, ट्रंप ने इस बात को साबित करने के लिए कोई ब्योरा नहीं दिया। रैटक्लिफ ने शनिवार को संसद के दोनों सदनों और अन्य संबंधित अधिकारियों को औपचारिक अधिसूचना पत्र भेजा।
सीनेटर एंगस किंग ने कहा, राष्ट्रीय खुफिया निदेशक का कार्यालय चुनावों के लिए विदेशी खतरों पर संसद को जानकारी देना बंद करेगा, यह विचार ही एक प्रकार का उल्लंघन है और यह कि लिखित बातें स्पष्ट रूप से नाकाफी हैं। अमेरिका का चुनाव वास्तव में हमारी लोकतंत्र की नींव है और वह खतरे में है।