यरूशलम को वेस्ट बैंक से अलग करने वाले कंक्रीट बैरियर पर रविवार को इस्राइली सुरक्षा बलों ने एक फलस्तीनी युवक को गोली मार दी। फलस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, जांघ में गोली लगने के बाद युवक को इलाज के लिए रामल्लाह के फलस्तीनी मेडिकल कॉम्प्लेक्स ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की पहचान नाब्लस शहर के पूर्व में स्थित सालेम गांव के 26 वर्षीय इमाद हारून इश्तैय्यह के रूप में हुई है।
घटना के बाद सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में लोग युवक के शव को कंक्रीट की दीवार पर लगी सीढ़ी के सहारे नीचे उतारते दिख रहे हैं, जबकि पास से ही गाड़ियां हॉर्न बजाते हुए गुजर रही हैं। इस्राइली पुलिस ने इस गोलीबारी की घटना पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
आर्थिक तंगी की वजह से रोजगार की तलाश
मृतक के रिश्तेदार नासिर इश्तैय्यह के मुताबिक, इमाद अपने बीमार पिता की आर्थिक मदद के लिए सालेम गांव में एक पोल्ट्री स्लॉटरहाउस चलाता था। वेस्ट बैंक में आए भीषण आर्थिक संकट के कारण उसका कारोबार पूरी तरह ठप हो गया। इसके बाद उसने रोजगार की तलाश में अवैध रूप से इस्राइल में दाखिल होने का फैसला किया।
शनिवार को उसकी पहली कोशिश इस्राइली सुरक्षा की कड़ाई के कारण नाकाम रही थी। शनिवार की रात अन्य फलस्तीनी कामगारों के साथ सीमा पर गुजारने के बाद, रविवार सुबह उसने दोबारा सीमा पार करने की कोशिश की, तभी इस्राइली बलों ने उसे अपनी गोली का निशाना बना लिया।
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युद्ध के बाद बढ़ा संकट
अक्टूबर 2023 में हमास के हमले और उसके बाद गाजा में शुरू हुए युद्ध के बाद से वेस्ट बैंक के हालात लगातार बिगड़े हैं। पहले हजारों फलस्तीनियों के पास इस्राइल में काम करने के कानूनी परमिट थे, लेकिन युद्ध के बाद इस पहुंच पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए गए। फलस्तीनी ट्रेड यूनियनों के महासंघ के हवाले से आधिकारिक समाचार एजेंसी वफा ने बताया कि युद्ध की शुरुआत से अब तक इस्राइली गोलीबारी में करीब 50 कामगार अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि 38,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें से कई को बाद में रिहा भी कर दिया गया।
इसी बीच, गाजा पट्टी और वेस्ट बैंक के अन्य हिस्सों से भी हिंसा की खबरें हैं। गाजा सिटी बंदरगाह के पास हुए एक हमले में दो फलस्तीनियों की मौत हो गई और कम से कम 10 अन्य घायल हो गए। शिफा अस्पताल ने इन हताहतों की पुष्टि की है। इस घटना पर इस्राइली सेना की ओर से कोई टिप्पणी नहीं आई है।