देशद्रोह के आरोपों का सामना कर रहे पाकिस्तान के पूर्व सैन्य तानाशाह परवेज मुशर्रफ ने पहली बार आपातकाल के अपने निर्णय के लिए वरिष्ठ नेताओं तथा सैन्य नेतृत्व को जिम्मेदार ठहराया है।
संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) को दिए बयान में मुशर्रफ ने पूर्व सैन्य प्रमुख परवेज कयानी और तत्कालीन प्रधानमंत्री शौकत अजीज पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मुशर्रफ के अनुसार कयानी 27 नवंबर, 2007 को सेना प्रमुख बन गए थे लेकिन उन्होंने आपातकाल वापस नहीं लिया। इसलिए वह भी प्रमुख अपराधी हैं।
मुशर्रफ ने बताया कि उन्होंने तीन नवंबर, 2007 को आपातकाल लगाने से पहले कयानी के अलावा दूसरे वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों तथा अजीज समेत कई नेताओं से सलाह ली थी। अजीज और उनके मंत्रिमंडल की राय पर ही आपातकाल लगाया गया। इसके लिए वह जिम्मेदार नहीं हैं।