पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान
- फोटो : एएनआई (फाइल)
पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ पार्टी के संस्थापक और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को नौ मई के दंगे के मामले में लाहौर पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि सुरक्षा कारणों से इमरान खान अभी अडियाला जेल में ही बंद रहेंगे और उन्हें लाहौर जेल स्थानांतरित नहीं किया जाएगा। इमरान खान को सोमवार को आतंकवाद रोधी कोर्ट में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश किया जाएगा।
12 मामलों में आरोपी हैं इमरान खान
लाहौर पुलिस की 13 सदस्यों वाली एक टीम नौ मई के दंगे के मामले की जांच कर रही है। लाहौर पुलिस की टीम इमरान खान से पूछताछ के लिए अडियाला जेल पहुंची थी, लेकिन इमरान खान ने पुलिस से मिलने से इनकार कर दिया। इमरान खान पर लोगों को हिंसा के लिए भड़काने के आरोप लगे हैं। पुलिस ने बताया कि इमरान खान दंगे से जुड़े 16 मामलों में से 12 में आरोपी हैं और इन्हीं 12 मामलों में उनकी गिरफ्तारी की गई है।
इमरान की गिरफ्तारी के बाद भड़की थी हिंसा
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि सेना के कॉर्प्स कमांडर के घर पर हमले के मामले की जांच डीआईजी जीशान असगर कर रहे हैं। वहीं असकरी टावर पर हमले की जांच एसएसपी डॉ. अनूश मसूद चौधरी और शादमान पुलिस स्टेशन पर हमले समेत अन्य मामलों की जांच डिविजनल एसपी द्वारा की जा रही है। बता दें कि इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद हिंसा भड़क गई थी और पीटीआई समर्थकों ने लाहौर में कई ठिकानों पर तोड़फोड़ की थी। सेना के अधिकारियों के आवासों को भी गुस्साई भीड़ ने निशाना बनाया था।
गौरतलब है कि इमरान खान की गिरफ्तारी ऐसे वक्त हुई है, जब हाल ही में तोशाखाना मामले में इमरान खान को नेशनल अकाउंटेबिलिटी ब्यूरो (नैब) की टीम ने गिरफ्तार किया है। इमरान खान तोशाखाना के एक अन्य मामले में अडियाला जेल में सजा काट रहे हैं।