नकदी संकट से जूझ रहा पाकिस्तान रूस के खिलाफ लड़ाई में यूक्रेन को घातक हथियार बेच रहा है। मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि पाकिस्तान ने यूक्रेन को 36.4 करोड़ डॉलर यानी करीब 3,000 करोड़ रुपये के हथियार बेचे हैं। साथ ही पाकिस्तान रूस से सस्ता कच्चा तेल और गेहूं लेता रहा और एहसान फरामोशी कर उसके दुश्मन को हथियार भी बेचता रहा।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यूक्रेन को गोला-बारूद की आपूर्ति के लिए पाकिस्तान ने बीते साल दो निजी अमेरिकी कंपनियों से हथियारों का सौदा किया था। रिपोर्ट में दावा है, ब्रिटिश सैन्य मालवाहक विमान ने युद्धग्रस्त देश को हथियार आपूर्ति के लिए रावलपिंडी स्थित पाकिस्तानी वायुसेना के बेस नूर खान से साइप्रस, अक्रोटिरी और रोमानिया के लिए पांच बार उड़ानें भरीं।
अमेरिकी फेडरल प्रोक्योरमेंट डाटा सिस्टम से करार का हवाला देते हुए रिपोर्ट में कहा गया है कि 155 मिमी गोले की खरीद के लिए पाकिस्तान ने 17 अक्तूबर, 2022 को अमेरिकी कंपनियों ग्लोबल मिलिटरी से 1,926 करोड़ रुपये और नॉर्थरोप ग्रुम्मन के साथ 1,088 करोड़ रुपये का करार किया था, जो पिछले महीने खत्म हुआ।
रिपोर्ट के मुताबिक, ये समझौते पीएम शहबाज शरीफ की सरकार के दौरान हुए थे। इसी गठबंधन ने बीते साल इमरान खान के नेतृत्व वाली सरकार को हटाया था। इस्लामाबाद में विदेश मंत्रालय ने यूक्रेन को हथियारों और गोला-बारूद की बिक्री से इन्कार किया। कहा, पाकिस्तान ने ‘सख्त तटस्थता’ की नीति अपनाई है।
बढ़ा हथियार निर्यात
रिपोर्ट में सबूतों के हवाले से बताया गया है कि स्टेट बैंक ऑफ पाकिस्तान के आंकड़ों में वित्त वर्ष 2022-23 के दौरान देश के हथियारों के निर्यात में 3,000 प्रतिशत की वृद्धि हुई। पाकिस्तान ने 2021-22 में 107 करोड़ रुपये के हथियार निर्यात किए, जबकि 2022-23 में यह बढ़कर 3,447 करोड़ रुपये तक पहुंच गया।