उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग उन की तानाशाही के बारे में सब जानते हैं, लेकिन क्या आप ये जानते हैं कि किम ने नाम बदलकर अपनी पढ़ाई स्विटजरलैंड से की थी। वजह थी कि कहीं किम की हत्या न कर दी जाए। वैसे तो किम की शुरुआती जिंदगी के बारे में कोई नहीं जानता, यहां तक की उसकी जन्मतिथि पर भी रहस्य कायम है।
उत्तर कोरिया के रिकॉर्ड में उसकी उम्र 8 जनवरी 1982 दर्ज है, जबकि साउथ कोरिया के रिकॉर्ड 1983 में उसका जन्म बताते हैं। वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक किम ने स्विटजरलैंड की राजधानी बर्न में इंग्लिश लैंग्वेज इंटरनैशनल स्कूल में दाखिला लिया था और उसकी अमेरिकी राजदूतों के बच्चों से गहरी दोस्ती थी।
उसने फ्रैंच और जर्मन भाषा भी सीखी और एक झूठे नाम 'पैक चोल' से स्कूल में अपनी पहचान बनाई। स्कूल और छात्रों को लगता था कि किम कोरियाई दूतावास के एक ड्राइवर का बेटा है। उसके दोस्तों ने एल हेब्दो पत्रिका को बताया कि किम जोंग काफी शर्मिला था और वैन डैम व जीन क्लॉड की फिल्मों का शौकीन था।