काठमांडो और रक्सौल के बीच रेलवे पर भारत के प्रस्ताव पर नेपाल सरकार ने विभिन्न हित धारकों के साथ चर्चा शुरू कर दी है। भारत ने दोनों देशों के बीच प्रस्तावित रेलवे प्रोजेक्ट के लिए नेपाल सरकार को एक विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करने का प्रस्ताव भेजा था।
सूत्रों का कहना है कि नेपाली विदेश मंत्रालय ने भारत के प्रस्ताव को स्वीकार करते हुए कोरोना महामारी के दौरान डीपीआर तैयार करने का प्रस्ताव हित धारकों को भेज दिया है। विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, कोरोना संकट के बीच डीपीआर तैयार करने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय, कोविड-19 संकट प्रबंधन से सुझावों की मांग की गई है।
बता दें कि कोंकण रेलवे कारपोरेशन ने पिछले महीने काठमांडो-रक्सौल रेलवे लिंक प्रोजेक्ट पर एक विस्तृत अध्ययन के लिए अनुमति मांगते हुए एक प्रस्ताव नेपाल सरकार को भेजा था। दोनों देश भारत-नेपाल सीमा पर काठमांडो को रक्सौल से जोड़ने वाले रेलवे प्रोजेक्ट के निर्माण में तेजी लाने के लिए सहमत हुए थे।
प्रोजेक्ट की शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, रेलवे के डबल ट्रैक की लंबाई 219 किमी और सिंगल ट्रैक की लंबाई 135.87 किमी होगी। इसके निर्माण के लिए रेलवे को 13 स्टेशनों, 39 सुरंगों सहित 892 हेक्टेयर भूमि की आवश्यकता होगी। भारत ने इस प्रोजेक्ट के लिए 2020-21 बजट में फंड आवंटित किया है।