रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले साल भारत में 18 नए अरबपति बने। इसके साथ ही अरबपतियों की संख्या बढ़कर 119 हो गई है। उनकी संपत्ति पहली बार बढ़कर 400 अरब डॉलर (28 लाख करोड़ रुपये) के स्तर को पार कर गई है।
असमानता को बढ़ा रही हैं सरकारें
‘अध्ययन से पता चलता है कि सरकारें कैसे स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा जैसी सार्वजनिक सेवाओं का कम वित्त पोषण करके असमानता को बढ़ा रही हैं। सरकारें कंपनियों और अमीरों पर कम टैक्स लगा रही हैं और टैक्स चोरी को रोकने में नाकाम रही हैं।’
- अमिताभ बेहर, सीईओ, ऑक्सफैम इंडिया
...तो बिगड़ जाएगी भारत की संरचना
‘बेहद अपमानजनक है कि मुट्ठी भर लोग भारत की संपत्ति में हिस्सेदारी बढ़ाते जा रहे हैं, जबकि गरीब रोटी और बच्चों की दवा तक के लिए संघर्ष कर रहे हैं। अगर यह असमानता बरकरार रही, तो देश की सामाजिक और लोकतांत्रिक संरचना बिगड़ जाएगी।’
- विनी, कार्यकारी निदेशक, ऑक्सफैम इंटरनेशनल