अमेरिका और रूस के बीच का तनाव किसी से छिपा हुआ नहीं है। इस बीच, राष्ट्रपति जो बाइडन शुक्रवार को एक ब्रिटिश रिपोर्टर पर बुरी तरह गुस्सा करते दिखे। दरअसल, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से जुड़ा सवाल पूछने पर बाइडन नाराज हो गए और वह पत्रकार पर बिफर गए।
हाल ही में, पुतिन ने पश्चिमी देशों को धमकी दी थी कि अगर यूक्रेन को लंबी दूरी तक हमला करने वाले मिसाइल का इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई तो इसका अंजाम बहुत बुरा होगा। इसे लेकर एक रिपोर्टर ने बाइडन से पूछा कि क्या यूक्रेन को इसकी इजाजत मिल रही है? इस सवाल पर बाइडन ने आपा खो दिया।
बैठक के दौरान हुई गर्मागर्मी
यह पूरा वाक्या उस समय हुआ, जब अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर वॉशिंगटन में व्हाइट हाउस में एक अहम बैठक कर रहे थे। तभी एक रिपोर्टर ने धमकी पर सवाल पूछा कि रूसी राष्ट्रपति का कहना है कि अगर यूक्रेन को लंबी दूरी तक हमला करने वाले मिसाइल का इस्तेमाल करने की अनुमति दी गई तो इसे सीधे तौर पर पश्चिम देशों से जुड़ा माना जाएगा और संघर्ष पूरी तरह से बदल जाएगा, तो क्या कीव को इजाजत देने जा रहे हैं।
बुरी तरह भड़के बाइडन
81 साल के बाइडन नाराज हो गए। उन्होंने कहा, 'जब तक मैं बोल रहा हूं तब तक खामोश रहें। यही ठीक होगा।' इसके बाद भी रिपोर्टर चुप नहीं हुआ। उन्होंने अपना सवाल जारी रखा। उन्होंने कहा कि आप युद्ध की धमकी पर क्या कहना चाहते हैं? यह एक गंभीर धमकी है। इस पर बाइडन और भड़क गए। उन्होंने कहा, 'अब आपको चुप रहना ही होगा। मैं अब बयान देने जा रहा हूं।'
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पत्रकार ब्रिटेन का रहने वाला था। इसलिए उन्हें शायद सवाल पूछने के अमेरिकी तरीके के बारे में पता नहीं था। अमेरिका में राष्ट्रपति की बात समाप्त होने के बाद पत्रकार सवाल पूछते हैं।
पुतिन इस जंग को कभी नहीं जीत पाएंगे: अमेरिकी राष्ट्रपति
बाइडन ने आगे कहा कि वह रूसी राष्ट्रपति के बारे में ज्यादा नहीं सोचते। अमेरिका, यूक्रेन की मदद के लिए ब्रिटेन के साथ खड़ा रहेगा। पुतिन इस जंग को कभी नहीं जीत पाएंगे। यूक्रेन के लोगों की जीत होगी। वहीं, ब्रिटिश पीएम ने कहा कि आने वाले कुछ दिन यूक्रेन के लिए अहम हो सकते हैं। आजादी की इस लड़ाई में हमें यूक्रेन का साथ देना होगा।
यूक्रेन को लंबी दूरी के मिसाइलों के इस्तेमाल की इजाजत अभी नहीं मिली स्टार्मर और बाइडन के बीच व्हाइट हाउस में काफी देर बातचीत हुई। मगर, उन्होंने यूक्रेन को लंबी दूरी तक हमला करने वाले मिसाइल का इस्तेमाल करने की अनुमति देने को लेकर कोई संकेत नहीं दिया।
स्टार्मर ने कोई साफ जवाब नहीं दिया
जब एक पत्रकार ने स्टार्मर से पूछा कि क्या वे स्टॉर्म शैडो (लंबी दूरी तक हमला करने वाली मिसाइल) का इस्तेमाल करने के लिए बाइडन को राजी कर पाए? इस पर स्टार्मर ने कोई साफ जवाब नहीं दिया। उन्होंने सिर्फ ये कहा कि उनके और बाइडन के बीच यूक्रेन को लेकर उपयोगी चर्चा हुई है।
क्या दी थी पुतिन ने चेतावनी
इस पर, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पश्चिमी देशों को चेतावनी दी थी कि अगर यूक्रेन को लंबी दूरी के मिसाइलों का इस्तेमाल करने की इजाजत मिली तो समझा जाएगा कि नाटो रूस के खिलाफ जंग में उतर चुका है।
यह भी पढ़ें- Russia: 'अगर पश्चिम ने लंबी दूरी के हथियारों का इस्तेमाल...', अमेरिका-ब्रिटेन की बैठक से पहले पुतिन की दो टूक
यूक्रेन मांग रहा इजाजत
यूक्रेन लंबे समय से अमेरिका और ब्रिटेन से लंबी दूरी तक हमला करने वाले हथियारों का इस्तेमाल करने की इजाजत मांग रहा है। यूक्रेन को लंबी दूरी की मिसाइलें दी गई हैं। लेकिन वह इसका इस्तेमाल दुश्मनों के खिलाफ अपनी ही सीमा के भीतर कर सकता है।कीव ने पिछले महीने रूस में घुस कर हमला शुरू किया था। ऐसे में जेलेंस्की चाहते हैं कि इन प्रतिबंधों को हटाया जाए ताकि वे रूस के भीतर लंबी दूरी के हथियारों का इस्तेमाल कर सकें। रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिका ने पहली बार अक्तूबर 2023 में यूक्रेन को लंबी दूरी की आर्मी टैक्टिकल मिसाइल सिस्टम (ATACMS) मिसाइलें दी थीं। ये लगभग 300 किमी तक सटीक निशाना लगा सकती है।