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खशोगी की मंगेतर बोलीं, 'अमेरिका की ऐसी प्रतिक्रिया देखकर जमाल को कितना बुरा लगा होगा'

वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: Shilpa Thakur Updated Thu, 16 May 2019 11:28 AM IST
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हैटिस केंगिज - फोटो : social media

सऊदी पत्रकार और अमेरिकी नागरिक जमाल खशोगी की हत्या को लेकर अमेरिकी प्रतिक्रिया की उनकी मंगेतर ने निंदा की है। उन्होंने बुधवार को वाशिंगटन पोस्ट से कहा कि ट्रंप प्रशासन सऊदी सरकार को अपराध के परिणामों से बचने की अनुमति देकर अमेरिकी मूल्यों को बनाए रखने में विफल रहा है।



खशोगी की मंगेतर हैटिस केंगिज ने कहा कि खशोगी हमेशा से अमेरिका का समर्थन करते थे, क्योंकि ये एक ऐसी जगह है, जहां सच बोला जा सकता है। लेकिन जमाल को अमेरीका की प्रतिक्रिया देखकर निराशा हुई होगी। 


बता दें खशोगी की हत्या से ना केवल प्रेस की स्वतंत्रता के खतरे में होने की बात उठी थी, बल्कि मानव अधिकार कार्यकर्ताओं ने भी इस हत्या की काफी निंदा की थी। दुनियाभर के नेताओं, यहां तक कि अमेरिकी सीनेटरों ने भी इस हत्या के प्रति दुख व्यक्त किया था। 


राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस मामले में ना केवल सीआईए की जांच के निष्कर्ष पर सवाल उठाया बल्कि उन्होंने मध्य पूर्व के अपने सहयोगी सऊदी पर कोई जुर्माना भी नहीं लगाया।


सीआईए ने कहा था कि खशोगी की हत्या का आदेश सऊदी राजकुमार मोहम्मद बिन सलमान ने ही दिया था। इस बात के सीआईए के पास सबूत भी हैं। बीते साल अक्तूबर में उनकी इस्तांबुल स्थित सऊदी वाणिज्य दूतावास में हत्या कर दी गई थी। खशोगी की मंगेतर का कहना है कि सऊदी ने उनसे अभी तक संपर्क नहीं किया है। उन्होंने मुआवजा देने की बात भी नहीं की है।


केंगिज आगे कहती हैं कि उन्होंने खशोगी की मृत्यु के बाद तुर्की के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन के साथ बातचीत की थी। जिसमें उन्होंने सऊदी राजकुमार द्वारा उत्पन्न खतरे को लेकर चेतावनी दी थी। एर्दोगन ने उनसे कहा था, "हम जिसका सामना कर रहे हैं, वह एक सामान्य देश नहीं है, एक सामान्य नेता नहीं है।" इस मामले में वाशिंगटन में सऊदी दूतावास और व्हाइट हाउस ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया है। 


यह भी पढ़े- खशोगी हत्या मामला: सऊदी प्रिंस को अमेरिकी सीनेटर ने बताया 'क्रेजी और खतरनाक'
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तुर्की और सऊदी अरब प्रतिद्वंद्वी हैं, और एर्दोगन की सरकार ने गुस्सा जाहिर किया था कि सऊदी उनकी धरती पर अपने नागरिकों को कैसे मार सकता है। खशोगी अमेरिकी निवासी थे। वह वाशिंगटन पोस्ट के लिए स्तंभ लिखते थे। उन्होंने सऊदी अरब के राजकुमार सलमान के शासन और उनके बेटे मोहम्मद बिन सलमान के खिलाफ भी कई लेख लिखे थे।


तुर्की के राष्ट्रपति ने सऊदी पत्रकार जमाल खशोगी की हत्या को लेकर एक खुलासा किया था। उनके मुताबिक खशोगी की हत्या मामले में जो ऑडियो उनके पास है, उसमें एक हत्यारे ने कहा है,"मुझे पता है कैसे काटना है।" ये ऑडियो तुर्की ने अमेरिका और यूरोपियन अधिकारियों के साथ साझा की थी। एर्दोगन ने रियाध की भी आलोचना की थी कि इस्तांबुल में सऊदी वाणिज्य दूतावास में खशोगी की हत्या कैसे हुई। खशोगी अपनी मंगेतर से शादी करने वाले थे और इसी के लिए वह दस्तावेज लेने दूतावास गए थे। 


खशोगी की हत्या के बाद पूरी दुनिया में सऊदी के राजकुमार सलमान की आलोचना की गई। वहीं सऊदी खुद पर लगे आरोपों से इनकार करता रहा है। केंगिज कहती हैं कि उन्हें शुरू से ही खशोगी की जान पर खतरा लगता था। अब वह लंदन में रह रही हैं। 

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