इस्राइल की सेना ने शनिवार-रविवार की रात सीरिया की राजधानी दमिश्क पर ताबड़तोड़ हवाई हमले किए। मानवाधिकार संस्थान सीरियन ऑब्जर्वेटरी के हवाले से मीडिया रिपोर्ट में कहा गया कि इस हमले में आम नागरिकों सहित कम से कम 15 लोग मारे गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। सीरिया की मीडिया एजेंसी सना के मुताबिक हवाई हमलों में एक रिहायशी इलाके को निशाना बनाया गया।
हमला दमिश्क के ग्रामीण इलाके में काफ्र सौसा में स्थानीय समयानुसार लगभग 12:30 बजे एक ईरानी स्कूल के पास हुआ। इसी इलाके में रहने वाले इंजीनियर समीर आब्दो ने कहा, हमला इतना जबरदस्त था कि पहले तो लगा कि फिर से भूकंप आया है। आसपास के दर्जनों घरों के सीसे टूट गए। यह रिहायशी इलाका है, यहां हमला क्यों किया गया, यह समझ से परे है। हमले के बाद जोरदार धमाकों की आवाज सुनी गई। इस हमले में कई आवासीय भवन नष्ट हो गए हैं।
ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स ने बताया कि दमिश्क के ग्रामीण इलाकों में ईरानी मिलिशिया और लेबनानी आतंकवादी समूह हिजबुल्ला से जुड़े स्थलों और ईरान के एक स्कूल को निशाना बनाकर किए गए हमलों में एक महिला सहित 15 लोग मारे गए। इजराइल हवाई हमले के जरिए दमिश्क के आसपास के क्षेत्रों को अक्सर निशाना बनाता रहा है। तुर्की और सीरिया में छह फरवरी को आए विनाशकारी 7.8 तीव्रता के भूकंप के बाद यह पहला हमला है।
पिछले साल हवाई अड्डे पर की थी स्ट्राइक
पिछले साल अगस्त में भी इस्राइल ने एक हमले में सीरिया के दो हवाई अड्डों को निशाना बनाया था। इसमें छह सीरियाई सैनिकों की मौत हो गई थी, वहीं दो विदेशी लड़ाके भी मारे गए थे। इस्राइल की ओर से टी-4 सैन्य एयरबेस पर मिसाइल दागी गईं थीं।
इस्राइल को ईरानी घुसपैठ का डर
इस्राइली सुरक्षा बलों के मुताबिक, वह उन जगहों पर हमला करते हैं, जहां बड़ी मात्रा में आतंकी समूहों के हथियार रखे होते हैं। इनमें लेबनान का हिजबुल्लाह संगठन प्रमुख तौर पर शामिल है। दरअसल, इस्राइल को अपनी उत्तरी सीमा पर ईरानी घुसपैठ का डर बना रहता है और इसके चलते वो ईरानी बेस और हिजबुल्लाह के ठिकानों पर हमला करता रहता है।
सीरिया में आतंकी हमला, 53 लोगों की मौत
इससे पहले शुक्रवार को, सीरिया में भूकंप के बीच होम्स में आतंकी हमला हुआ, जिसमें 53 लोगों की मौत हो गई। सरकारी मीडिया ने इस हमले में आईएस को जिम्मेदार ठहराया है। पालमायरा अस्पताल के निदेशक वालिद ऑडी ने कहा, मारे गए लोगों में 46 नागरिक और सात सैनिक थे। उन्होंने बताया कि दर्जनों लोगों को निशाना बनाकर किए गए हमले के बाद शवों को पल्मायारा अस्पताल लाया गया था।