नासा के वैज्ञानिकों के अनुसार चांद के प्राचीन रहस्यों में अब भी कुछ ऐसे संकेत उपस्थित हैं, जो जीवन के विकास को समझने के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं। उनके अनुसार लगभग चार अरब वर्ष पूर्व सूर्य, सौर मंडल की तीव्र विकिरणों, उग्र वेगों, उच्च ऊर्जा वाले बादलों और कणों के घातक प्रकोप से गुजरा था।
नासा के गोडार्ड स्पेस फ्लाइट सेंटर के शोधकर्ताओं ने बताया कि ‘इस प्रकोप ने पृथ्वी की शुरुआत में जीवन की उत्पत्ति में सहायता की। ऐसा पृथ्वी को गर्म तथा नम रखने वाली रासायनिक प्रतिक्रियाओं के फलस्वरूप हुआ था।’
चांद और पृथ्वी की संरचना एक समान होने के बावजूद चंद्रमा की मिट्टी में कम सोडियम और पोटेशियम हैं। इसको समझने के लिए अपोलो काल के चांद के नमूनों और पृथ्वी पर पाए गए चांद के उल्कापिंडों का विश्लेषण करने से पता लगा कि सूर्य का इतिहास चांद की परत में ही कहीं छिपा हो सकता है।