सऊदी पत्रकार जमाल खशोगी के लापता होने के बाद तुर्की के अधिकारियों ने उनकी हत्या की आशंका जताई थी। खशोगी को आखरी बार इस्तांबुल स्थित सऊदी दूतावास के अंदर जाते हुए देखा गया था। अधिकारियों ने कहा था कि दूतावास में उनकी हत्या कर दी गई है। वाशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट में कहा गया था कि सऊदी राजकुमार ने खशोगी को निशाना बनाने के लिए ऑपरेशन चलाया था। लेकिन अब इस मामले पर सऊदी अरब का भी बयान आया है।
सऊदी अरब का कहना है कि दूतावास में निशानेबाज द्वारा खशोगी की हत्या नहीं हुई है, यह सभी आरोप झूठे हैं। अब पत्रकार के लापता होने को लेकर सऊदी अरब और तुर्की के बीच विवाद पैदा हो सकता है। इसी बीच वाशिंगटन पोस्ट में एक और खबर आई है, जिसमें कहा गया है कि तुर्की के पास दूतावास के भीतर की रिकॉर्डिंग है। जो इस बात का दावा है कि वहां पहले तो खशोगी को यातनाएं दी गईं और बाद में उनकी हत्या कर दी गई।