सीरिया के लताकिया प्रांत में दो शहरों में सिलसिलेवार कार बम धमाके और आत्मघाती हमले हुए हैं। विपक्षी कार्यकर्ताओं का कहना है कि तारतौस और जबलेह शहर के बस अड्डों पर एक साथ हुए धमाकों में सौ से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है।
ये दोनों शहर अब तक सीरिया में जारी गृहयुद्ध से एक तरह से बचे हुए थे। इन दोनों तटीय शहरों को राष्ट्रपति बशर अल असद का गढ़ माना जाता है। जबलेह शहर में एक अस्पताल को भी निशाना बनाए जाने की खबर है।चरमपंथी संगठन इस्लामिक स्टेट ने धमाकों की जिम्मेदारी ली है।
सीरियाई गृयुद्ध में राष्ट्रपति बशर अल असद का सहयोग कर रहे रूस ने तारतौस शहर में नौसैनिक बेस बनाया है, जबकि जबलेह में उसका वायुसैनिक बेस है।