अमेरिका में पुलिस हिरासत में एक अश्वेत व्यक्ति की मौत को लेकर हो रहे प्रदर्शन बृहस्पतिवार को मिनीपोलिस क्षेत्र के बाहर भी पहुंच गए। प्रदर्शनकारियों ने सेंट पॉल मार्ग पर लूटपाट और आगजनी की तथा वे उस जगह पर फिर से पहुंच गए, जहां हिंसक प्रदर्शन के चलते पहले ही बहुत नुकसान हो चुका है। प्रदर्शनकारियों ने मिनीपोलिस में एक थाने को भी आग लगा दी जिसे पुलिस विभाग ने हिंसक प्रदर्शनों चलते खाली कर दिया था।
पुलिस के एक अधिकारी ने इस बात की पुष्टि की कि बृहस्पतिवार रात 10 बजे के बाद अपने कर्मियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रेसिंक्ट थाने को खाली कर दिया गया था। प्रदर्शनकारी एक वीडियो में थाने में घुसते और इमारत को आग लगाते दिखाई देते हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्थिति को लेकर टिप्पणी की कि मिनीपोलिस में नेतृत्व का पूरी तरह अभाव है। उन्होंने ट्वीट किया कि अभी गवर्नर टिम वाल्ज से बात की और उनसे कहा कि सेना हर तरह से उनके साथ है। जब लूटपाट शुरू होती है तो गोलीबारी शुरू होती है। ट्विटर ने ट्रंप के इस ट्वीट को नियम विरुद्ध करार देकर इसे ‘फ्लैग’ कर दिया।
ट्रंप ने प्रदर्शनकारियों पर निशाना साधते हुए ट्वीट में लिखा कि ये ठग जॉर्ज फ्लॉयड की स्मृति का निरादर कर रहे हैं, और मैं यह नहीं होने दूंगा। अभी गवर्नर टिम वाल्ज से बात की और उनसे कहा कि सेना हर तरह से उनके साथ है। जब लूटपाट शुरू होती है तो गोलीबारी शुरू होती है। आपका धन्यवाद।
माइक्रो ब्लॉगिंग साइट ने उनके इस ट्वीट को लेकर चेतावनी दी है। सोशल मीडिया कंपनी ने कहा, ‘इस ट्वीट ने हिंसा को बढ़ावा देने से संबंधित ट्विटर के नियमों का उल्लंघन किया है। हालांकि हमारा मानना है कि कई बार ट्वीट तक पहुंच बरकरार रहना जनता के हित में हो सकता है।’
इसने कहा कि वह नियमों का उल्लंघन करने वाले विभिन्न ट्वीट को लेकर सामान्य तौर पर कार्रवाई करती रहती है। इस बीच, मिनीपोलिस के थके और निराश दिख रहे मेयर जैकब फ्रे सामने आए और थाने को खाली कराने की जिम्मेदारी ली और कहा कि वहां अधिकारियों के लिए काफी खतरा पैदा हो गया था।
इस दौरान एक रिपोर्टर ने फ्रे से पूछा कि क्या योजना है? फ्रे ने जवाब में कहा, ‘हमारे शहर में अभी काफी दुख और गुस्सा है। मैं इसे समझता हूं, लूटपाट के रूप में पिछले कुछ घंटों और रातों में हमने जो लूटपाट देखी है, वह अस्वीकार्य है।’
इस बीच , मिनसोटा के अधिकारियों ने सीएनएन टेलीविजन के एक रिपोर्टर को गिरफ्तार कर लिया, क्योंकि चैनल ने मिनीपोलिस में हिंसा की खबर दिखाई थी। सीएनएन के रिपोर्टर उमर जिमेनेज कार्यक्रम के सीधे प्रसारण में थे, लेकिन तब भी उन्हें हथकड़ी लगा दी गई। चैनल के एक प्रोड्यूसर और एक फोटो पत्रकार को भी हथकड़ी लगाकर ले जाया गया।