बांग्लादेश में नई सरकार चुनने के लिए रविवार को तनावपूर्ण माहौल में मतदान संपन्न हुआ। प्रधानमंत्री शेख हसीना के नेतृत्व वाली सत्तारूढ़ अवामी लीग द्वारा धांधली के आरोपों के बीच हुए चुनाव के दौरान हिंसा में कम से कम 17 लोगों की मौत हो गई।
चुनाव आयोग के मुताबिक 300 संसदीय सीटों में से 299 सीटों पर चुनाव हुआ है। इसके लिए 1,848 उम्मीदवार मैदान में हैं। चुनाव के लिए 40,183 मतदान केन्द्र बनाए गए। एक उम्मीदवार के निधन के कारण एक सीट पर चुनाव नहीं हुआ।
वोट डालने के बाद हसीना ने कहा, ‘‘मुझे हमेशा चुनाव में हमारी जीत का यकीन रहता है...मुझे अपने लोगों पर यकीन है और मुझे पता है कि वे हमें चुनेंगे ताकि उन्हें बेहतर भविष्य मिल सके।’’
रिजवी ने पार्टी कार्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा,‘‘हमें जैसा कि पता चला है, यह हिंसा वाला चुनाव है। हमें सरकार के इशारे पर एकतरफा चुनावी माहौल देखने को मिल रहा है।
बीएनपी के महासचिव मिर्जा फकरूल इस्लाम आलमगीर ने कहा ‘‘उनकी पार्टी के कुछ उम्मीदवारों का मतदान से दूर रहने का फैसला ‘‘निजी’’ है लेकिन मतदान खत्म होने के बाद हम शाम चार बजे अपना रूख स्पष्ट करेंगे।’’ हालांकि, मतदान खत्म होने के बाद भी कोई घोषणा नहीं की गयी ।
हजारों सैनिकों और अर्द्धसैनिक बलों सहित छह लाख सुरक्षाकर्मियों को स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए तैनात किया गया है। देश में 10.41 करोड़ मतदाता पंजीकृत हैं।
मुख्य चुनाव आयुक्त नूरुल होदा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘कुछ अप्रिय घटनाओं को छोड़कर, अब तक मतदान सुचारू और शांतिपूर्ण रहा है।’’
सुरक्षा कारणों से अस्थायी तौर पर मोबाइल डेटा सेवाएं रोक दी गयी और इंटरनेट की रफ्तार धीमी कर दी गयी। बांग्लादेश में यह 11वां आम चुनाव है।
वोट डालने के बाद हसीना ने कहा, ‘‘मुझे हमेशा चुनाव में हमारी जीत का यकीन रहता है...मुझे अपने लोगों पर यकीन है और मुझे पता है कि वे हमें चुनेंगे ताकि उन्हें बेहतर भविष्य मिल सके।’’
रिजवी ने पार्टी कार्यालय में संवाददाता सम्मेलन में कहा,‘‘हमें जैसा कि पता चला है, यह हिंसा वाला चुनाव है। हमें सरकार के इशारे पर एकतरफा चुनावी माहौल देखने को मिल रहा है।
बीएनपी के महासचिव मिर्जा फकरूल इस्लाम आलमगीर ने कहा ‘‘उनकी पार्टी के कुछ उम्मीदवारों का मतदान से दूर रहने का फैसला ‘‘निजी’’ है लेकिन मतदान खत्म होने के बाद हम शाम चार बजे अपना रूख स्पष्ट करेंगे।’’ हालांकि, मतदान खत्म होने के बाद भी कोई घोषणा नहीं की गयी ।
मुख्य चुनाव आयुक्त नूरुल होदा ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘कुछ अप्रिय घटनाओं को छोड़कर, अब तक मतदान सुचारू और शांतिपूर्ण रहा है।’’