अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन
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फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने बुधवार को बातचीत की। व्हाइट हाउस ने एक बयान में इसकी जानकारी देते हुए बताया कि यह वार्ता बाइडन के अनुरोध पर 15 सितंबर को हुई घोषणा को लेकर चर्चा करने के लिए हुई। बता दें कि फ्रांस और अमेरिका के बीच इस समय खासा तनाव चल रहा है।
ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका और यूनाइटेड किंगडम (यूके) ने हाल ही में 'ऑकस' नामक एक त्रिपक्षीय रक्षा गठबंधन किया है। इसके तहत ऑस्ट्रेलिया को परमाणु ऊर्जा से पनडुब्बी बनाने की तकनीक दी जाएगी। जिसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने फ्रांस के साथ चार हजार करोड़ डॉलर के सौदे से हाथ पीछे खींच लिए और इसे लेकर फ्रांस खासा नाराज है।
बता दें कि ऑकस के गठन के बाद फ्रांस ने अमेरिका व ऑस्ट्रेलिया से अपने राजदूत वापस बुला लिए थे। व्हाइट हाउस की ओर से जारी बयान के अनुसार फ्रांसीसी राष्ट्रपति मैक्रों ने फैसला किया है कि फ्रांस के राजदूत अगले सप्ताह वाशिंटन लौटेंगे। इसके बाद वह वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारियों के साथ मिलकर कार्य करना शुरू करेंगे।
बयान में कहा गया कि दोनों नेता इस बात पर सहमत हुए कि फ्रांस और अमेरिका के यूरोपीय भागीदारों के सामरिक हित के मामलों पर सहयोगियों के बीच खुले परामर्श से स्थिति को फायदा होगा। राष्ट्रपति बाइडन ने इस संबंध में अपनी प्रतिबद्धता जाहिर की। उल्लेखनीय है कि 'ऑकस' नामक इस रक्षा गठबंधन में ब्रिटेन भी शामिल है।