मालदीव-भारत के रिश्तों में जारी तनाव अभी भी बरकरार है। दोनों के बीच रिश्ते सुधरते नहीं दिख रहे हैं। इस बीच, द्वीप राष्ट्र में तैनात भारतीय सैन्यकर्मी हेलीकॉप्टर के संचालन की जिम्मेदारी भारतीय नागरिक दल को सौंपने के बाद वहां से रवाना हो गए हैं। मालदीव की मीडिया रिपोर्ट्स में इसका दावा किया गया है। हालांकि भारतीय रक्षा मंत्रालय ने इस बाबत कोई जानकारी नहीं दी है।
वहां की स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, मालदीव राष्ट्रीय रक्षा बल (एमएनडीएफ) के एक मीडिया अधिकारी ने जानकारी दी है कि अड्डू शहर में तैनात भारतीय सैनिकों ने भारतीय नागरिक दल को हेलीकॉप्टर का संचालन सौंपने के बाद वहां से अपनी रवानगी कर ली है।
इससे पहले,बीते सप्ताह मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू ने कहा था कि 10 मई के बाद मालदीव में कोई भी भारतीय सैन्यकर्मी नहीं रहेगा। इतना ही नहीं सादे कपड़ों में भी भारतीय सैनिक मालदीव में नहीं रहेंगे।
बता दें कि भारत और मालदीव के बीच बीती दो फरवरी को राजनयिक स्तर की वार्ता हुई थी। जिसमें दोनों देशों ने सहमति जताई थी कि भारत अपने सैन्यकर्मियों को मार्च और मई के बीच मालदीव से वापस बुला लेगा। वहीं आठ फरवरी को विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जयसवाल ने बताया था कि वर्तमान कर्मियों को भारतीय तकनीकी कर्मियों द्वारा रिप्लेस किया जाएगा। वे मालदीव में दो हेलीकॉप्टर और एक डोर्नियर विमान का संचालन जारी रखेंगे।
इसके बाद 26 भारतीय नागरिकों की पहली टीम 26 फरवरी को मालदीव पहुंची थी। इस टीम ने अड्डू में हेलीकॉप्टर का संचालन संभाल लिया है। इसके अलावा, भारत ने एक नया रिप्लेसमेंट हेलीकॉप्टर भी भेजा था। नए हेलीकॉप्टर को ले जाने वाला जहाज 29 फरवरी को अड्डू में पहुंचा था। मालदीव में भारत के करीब 90 सैनिक तैनात हैं जो दो हेलिकॉप्टर और एक विमान का संचालन करते हैं। यह हेलिकॉप्टर और विमान भी भारत ने ही उपहार में मालदीव को दिया है जो वहां के बीमार लोगों को भारत व अन्य देशों में इलाज के लिए ले जाने में मदद करते हैं। इनका संचालन भारतीय सैनिक करते हैं।