ब्रिटेन में भारतीय मूल के व्यवसायी धरम प्रकाश गोपी को साढ़े तीन साल जेल की सजा सुनाई गई है। देश में वित्तीय अपराध के लिए उसे दोषी पाया गया है। वह गैरकानूनी रूप से ब्रिटेन में पैसे के लेन-देन का कारोबार कर रहा था। गोपी को ब्रिटेन के उपभोक्ता क्रेडिट एक्ट 1974 और वित्तीय सेवा और मार्केट एक्ट 2000 के तहत आरोपित किया गया था।
एफसीए पर प्रवर्तन और मार्केट ओवरसाइट के निदेशक मार्क स्टीवर्ड ने कहा कि ब्रिटेन के फेयर ट्रेडिंग कार्यालय (ओएफटी) द्वारा उपभोक्त क्रेडिट लाइसेंस देने से इनकार करने के बावजूद गोपी ने 2012 और 2016 के बीच गैरकानूनी रूप से पैसे के लेन-देन का कारोबार किया।
वह एफसीए से प्राधिकरण को सुरक्षित करने में नाकाम रहे। पिछले हफ्ते लंदन स्थित साउथवार्क क्राउन कोर्ट के जज बेडडोए ने इस मामले में गोपी को साढ़े तीन साल जेल की सजा सुनाते हुए कहा कि गोपी को नियम-कानूनों के बारे में पता था लेकिन उन्होंने इसे नजरअंदाज किया। इसलिए उन्हें इस मामले में दोषी पाया जाता है।