उत्तरी फिलीपीन में बुधवार को भूकंप के जोरदार झटके महसूस किए गए, जिससे कम से कम 4 लोगों की मौत हो गई और 60 अन्य लोग घायल हो गए। सात की तीव्रता के भूकंपीय झटके इतने भीषण थे कि उसके प्रभाव से छोटे-छोटे भूस्खलन हुए और इमारतें तथा गिरजाघर क्षतिग्रस्त हो गए।
राजधानी मनीला में भय के कारण लोग अपने घरों और मरीज अस्पतालों से बाहर निकल आए। फिलीपीन के ज्वालामुखी और भूकंप विज्ञान संस्थान के प्रमुख रेनातो सोलिडम ने बताया कि सात तीव्रता के भूकंप का केंद्र अब्रा प्रांत में किसी पर्वतीय इलाके में जमीन से 25 किलोमीटर नीचे था।
अब्रा के एक सुरक्षा अधिकारी माइकल ब्रिलैंट्स ने बताया, जमीन ऐसे हिली जैसे मैं झूला झूल रहा हूं और अचानक बिजली चली गई। हम कार्यालय से बाहर भागे तथा मैंने अपने कुछ साथियों के चीखने और रोने की आवाजें सुनी। ये अब तक के सबसे जोरदार भूकंप के झटके थे और मुझे लगा कि धरती फट जाएगी। देश में 1990 में आए 7.7 तीव्रता के भूकंप में करीब 2,000 लोग मारे गए थे।
अफगानिस्तान में 5.4 तीव्रता के झटके
अफगानिस्तान के फैजाबाद में 5.4 तीव्रता का भूकंप बुधवार तड़के आया। यह फैजाबाद से 89 किमी दक्षिण में 200 किलोमीटर की गहराई पर रहा। नेशनल सेंटर फार सीस्मोलाजी ने ट्वीट कर जानकारी दी। अभी तक किसी के हताहत होने या संपत्ति के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
जानें क्यों आता है भूकंप?
धरती मुख्य तौर पर चार परतों से बनी होती हैं। इनर कोर, आउटर कोर, मैनटल और क्रस्ट। क्रस्ट और ऊपरी मैन्टल कोर को लिथोस्फेयर कहते हैं। ये 50 किलोमीटर की मोटी परत कई वर्गों में बंटी हुई है जिसे टैकटोनिक प्लेट्स कहते हैं। ये टैकटोनिक प्लेट्स अपनी जगह पर कंपन करती रहती हैं और जब इस प्लेट में बहुत ज्यादा कंपन हो जाती हैं, तो भूकंप महसूस होता है।
जानिए भूकंप के केंद्र और तीव्रता का क्या मतलब है?
भूकंप का केंद्र वह स्थान होता है जिसके ठीक नीचे प्लेटों में हलचल से धरती हिलने लगती है। इस स्थान पर या इसके आसपास के क्षेत्रों में भूकंप का असर ज्यादा होता है। अगर रिक्टर स्केल पर 7 या इससे अधिक की तीव्रता वाला भूकंप है तो आसपास के 40 किमी के दायरे में झटका तेज होता है।