चीन ने पिछले साल एक लाख 28 हजार वेवसाइट को बंद कर दिया और करीब साढ़े चार करोड़ ऑनलाइन पोस्ट हटा दिए। चीन की सरकारी मीडिया ने यह जानकारी दी है।
चीन की सरकार द्वारा नियंत्रित मीडिया ने इसकी वजह बताई है। ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक पोर्नोग्राफी और अवैध प्रकाशन के खिलाफ लड़ाई में चीन की सरकार के केंद्रीय कार्यालय ने इन
वेबसाइट और पोस्ट को
अश्लील और हानिकारक बताया।
संयोग से चीन को पिछले तीन सालों के दौरान
इंटरनेट की आजादी पर हमला करने वालों में सबसे बुरा माना जाता रहा है। यह दुनिया में सबसे खराब इंटरनेट आजादी वाले देशों की सूची में सबसे ऊपर रहा है, यहां तक कि सीरिया और ईरान भी इसके बाद आते हैं।
चीन का दावा है कि पिछले साल जनता ने 1 लाख 21 हजार अवांछनीय ऑनलाइन सामग्री की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। चीन का कहना है कि इसके बाद 900 से ज्यादा आपराधिक मामलों की जांच की गई, जिसमें 1,900 लोगों को सजा हुई।