चीन वैश्विक स्तर पर अपनी पहुंच बढ़ता जा रहा है। चीनी सेना ने अफ्रीका के जिबूती में अपना पहला विदेशी सैन्य ठिकाना बना लिया है। इससे पहले अमेरिका, जापान और फ्रांस भी इस हिस्से में अपना सैनिक अड्डा बना चुके हैं। चीनी मीडिया के अनुसार मंगलवार को चीनी सेना जिबूती पहुंच चुकी है। चीन का कहना है कि यह कदम शांति बनाएं रखने के लिए उठाया गया है, लेकिन भारत के लिए यह कुछ और ही इशारा करता है।
गौरतलब है कि चीन हमेशा से पड़ोसी देशों के लिए मुसीबत बना रहा है। ऐसे में जिबूती में ड्रैगन का सैन्य ठिकाना भारत समेत बांग्लादेश, म्यांमार और श्रीलंका के लिए भी मुसीबत बन सकता है। बीते दिनों चीन ने हिंद महासागर में भी अपनी हरकते बढ़ा दी है, हालांकि भारत चीन की हर हरकत पर नजर रखे हुए है। पिछले दो महीनों में चीन ने हिंद महासागर में दो दर्जन से ज्यादा जंगी जहाज उतारे हैं।
उल्लेखनीय है कि भारत और चीन के बीच सिक्किम सीमा पर विवाद एक महीने से चल रहा है। चीन भारत और भूटान सीमा पर डोकलाम विवाद बढ़ता जा रहा है। दोनों ही देश की ओर से सीमा पर सेना तैनात कर दी गई है। बता दें कि चीन डोकलाम में रोड निर्माण कर रहा था, जिसका भारत और भूटान दोनों ने ही विरोध किया।
डोकलाम पर चीन और भूटान दोनों अपना अधिकार बताते हैं। जबकि भारत का कहना है कि चीन के इस विवादित इलाके में निर्माण के कारण देश के पूर्वोतर राज्यों की सुरक्षा पर सवाल खड़ा होता है। वहीं मीडिया रिपोर्ट्स का कहना है कि भारत ने चीन के ओबीओआर प्रोग्राम से दूरी बना ली, जिस कारण चीन सीमा पर विवाद खड़ा कर रहा है।